Nirav Modi Case: आखिर क्यों की जा रही हैं उनकी महंगी कारों की नीलामी?

फरार हीरा व्यापारी Nirav Modi से जुड़े PNB Fraud Case में एक बड़ा अपडेट सामने आया है। मुंबई की एक विशेष अदालत ने प्रवर्तन निदेशालय (ED) को नीरव मोदी की जब्त की गई दो luxury cars की नीलामी (auction) करने की अनुमति दे दी है। यह फैसला उस मामले में नई प्रगति है, जो कई वर्षों से कानूनी लड़ाई में फंसा हुआ है।

Background: कब और कैसे शुरू हुआ मामला?

नीरव मोदी को दिसंबर 2019 में Prevention of Money Laundering Act (PMLA) के तहत Fugitive Economic Offender घोषित किया गया था।
PNB घोटाले में नाम सामने आने के बाद ED ने उनके कई assets जब्त किए थे, जिनमें महंगी कारें भी शामिल थीं। इन गाड़ियों की लंबे समय से रख-रखाव न होने के कारण उनकी condition खराब होती जा रही थी, जिससे उनकी market value कम होने का खतरा था।

Vehicle Auction: कौन-कौन सी कारों की होगी नीलामी?

ED ने अदालत से तीन कारों की नीलामी की अनुमति मांगी थी:

Skoda Superb Elegance

Mercedes-Benz 4MATIC FL 350 CDI

Mercedes-Benz GLE 250

इन तीनों वाहनों की combined estimated value करीब Rs 1 crore आंकी गई थी।
लेकिन कोर्ट ने केवल दो गाड़ियों की नीलामी की मंजूरी दी है:

Mercedes-Benz GLE 250

Skoda Superb (जिसकी नीलामी का आदेश 2019 में भी दिया गया था)

हालांकि, Mercedes-Benz 4MATIC FL 350 CDI की नीलामी की अनुमति अदालत ने इस बार नहीं दी।

Court’s Reasoning: अदालत ने यह फैसला क्यों लिया?

कोर्ट ने कहा कि इन गाड़ियों को वर्षों से idle रखे जाने के कारण उनकी value तेजी से घट रही है।
साथ ही, इनके रख-रखाव पर आने वाला खर्च उनकी वास्तविक कीमत से अधिक हो सकता है।
जज ने यह भी कहा कि:

नीरव मोदी और अन्य आरोपी अभी भी फरार हैं

ट्रायल जल्दी शुरू होने की संभावना नहीं है

ऐसे में assets को auction के जरिए बेचकर उनकी value recover करना ज़रूरी है

ED पहले भी नीरव मोदी की valuable paintings, properties और अन्य assets की नीलामी करा चुका है, ताकि बैंक धोखाधड़ी से हुए नुकसान की भरपाई की जा सके।

Fugitive Status: विदेश में जारी है कानूनी लड़ाई
नीरव मोदी जनवरी 2018 में देश छोड़कर भाग गया था, ठीक उससे पहले जब Rs 13,850 crore PNB Scam में FIR दर्ज हुई थी।
वह फिलहाल United Kingdom में है और वहां extradition के खिलाफ कानूनी लड़ाई लड़ रहा है।
भारत में meanwhile:

संपत्तियों की नीलामी

ED की कार्रवाई

बैंकिंग धोखाधड़ी की जांच

तीनों जारी हैं।

मुंबई कोर्ट का यह फैसला नीरव मोदी मामले में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। नीलामी से प्राप्त राशि बैंक घोटाले में हुए नुकसान की भरपाई में मदद करेगी। यह आदेश दिखाता है कि लंबे ट्रायल के बीच भी अदालतें asset recovery को प्राथमिकता दे रही हैं।