Petrol Crisis की अफवाह या सच? पंप के बाहर नोटिस से मची अफरा-तफरी

देश में लगातार बढ़ रही Petrol-Diesel Prices के बीच चंडीगढ़ के एक पेट्रोल पंप पर लगे नोटिस ने लोगों की चिंता बढ़ा दी। सोशल मीडिया पर नोटिस की तस्वीर वायरल होते ही Fuel Crisis और Petrol Shortage को लेकर चर्चाएं तेज हो गईं। हालांकि प्रशासन ने साफ किया है कि देश में ईंधन की कोई कमी नहीं है और लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है।

दरअसल, चंडीगढ़ के सेक्टर-17 स्थित एक पेट्रोल पंप पर नोटिस लगाया गया था, जिसमें दोपहिया वाहनों के लिए 500 रुपये और चारपहिया वाहनों के लिए 1500 रुपये तक ही पेट्रोल देने की बात कही गई थी। यह नोटिस सामने आते ही लोगों में Panic Buying शुरू हो गई और कई लोग अतिरिक्त पेट्रोल भरवाने पंपों पर पहुंच गए।

मामला बढ़ने के बाद प्रशासन हरकत में आया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सीमित ईंधन वितरण को लेकर सरकार या प्रशासन की ओर से कोई निर्देश जारी नहीं किए गए हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, पेट्रोल पंप प्रबंधन ने कम स्टॉक के चलते यह कदम उठाया था ताकि अगला Fuel Tanker आने तक सप्लाई बनी रहे। बाद में यह नोटिस हटा लिया गया।

इस घटनाक्रम के बीच देशभर में Petrol Price Hike और Diesel Price Increase ने आम लोगों की मुश्किलें और बढ़ा दी हैं। मंगलवार को पेट्रोल और डीजल की कीमतों में करीब 90 पैसे प्रति लीटर की बढ़ोतरी की गई। एक सप्ताह के भीतर यह दूसरी बार है जब ईंधन के दाम बढ़े हैं।

नई दिल्ली में पेट्रोल की कीमत बढ़कर 98.64 रुपये प्रति लीटर पहुंच गई, जबकि डीजल 91.58 रुपये प्रति लीटर हो गया। इससे पहले भी हाल ही में पेट्रोल और डीजल के दामों में लगभग तीन रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी की गई थी।

Fuel Price Rise का असर सिर्फ पेट्रोल और डीजल तक सीमित नहीं है। CNG Prices में भी लगातार इजाफा हो रहा है। दिल्ली और मुंबई समेत कई शहरों में CNG Rate दो बार बढ़ चुके हैं, जिससे आम आदमी की जेब पर अतिरिक्त बोझ पड़ा है।

विशेषज्ञों का मानना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में Crude Oil Prices बढ़ने और Global Supply Pressure के कारण भारत में ईंधन महंगा हो रहा है। हालांकि सरकार और तेल कंपनियों का कहना है कि देश में Fuel Supply पूरी तरह सामान्य है और किसी तरह की कमी की स्थिति नहीं है।

फिलहाल प्रशासन लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और जरूरत के अनुसार ही पेट्रोल-डीजल खरीदने की अपील कर रहा है।