क्या One Nation, One Agriculture की तैयारी में है भारत? जानिए केंद्रीय कृषि मंत्री का प्लान
भारत के किसानों को लेकर एक महत्वपूर्ण संदेश सामने आया है, जो स्वयं केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने उनके साथ सीधी बातचीत के बाद दिया। ‘विकसित भारत’ के सपने को साकार करने के लिए चौहान इन दिनों Viksit Krishi Sankalp Abhiyan (VBSA) के तहत 29 मई से 12 जून तक भारत के अलग-अलग राज्यों का दौरा कर रहे हैं।
इस अभियान का उद्देश्य है—Indian Agriculture को सशक्त बनाना ताकि देश आर्थिक रूप से समृद्ध और विकसित बन सके। चौहान ने बताया कि किसानों को इस समय सबसे बड़ी चिंता नकली और घटिया Seeds (बीज) और Pesticides (कीटनाशक) की है।
किसानों की चिंता: Quality बीज और कीटनाशकों पर भरोसा नहीं
चौहान ने ‘Indian Express’ को दिए इंटरव्यू में बताया कि तेलंगाना, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों के किसानों ने नकली बीजों और घटिया कीटनाशकों के खिलाफ शिकायतें दर्ज कराईं। उन्होंने कहा, “मैं खुद किसान हूं, इसलिए इन समस्याओं से अनजान नहीं हूं।”
उन्होंने माना कि किसानों को भरोसेमंद उत्पाद चाहिए और इसके लिए केंद्र सरकार जल्द ही Strict Laws Against Fake Agricultural Products लाने पर विचार कर रही है।
One Nation, One Agriculture की ओर कदम?
चौहान ने कहा कि भारत में Agricultural Coordination की कमी महसूस हो रही है। इसीलिए ‘One Nation, One Agriculture, One Team’ का नारा दिया गया है। उन्होंने बताया कि कृषि के क्षेत्र में भी GST Council जैसा कोई Permanent Coordination Framework बनाया जाना चाहिए।
हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि इस संबंध में वह पहले ही कृषि मंत्रियों के साथ तीन बैठकें कर चुके हैं और खरीफ व रबी सीज़न से पहले National Crop Planning Conferences आयोजित होते हैं।
घटती कृषि भूमि, लेकिन बढ़ती तकनीकी संभावनाएं
कृषि भूमि में कमी एक गंभीर चुनौती बन रही है। चौहान ने कहा कि Urbanization और Industrialization के चलते ज़मीन कम हो रही है, लेकिन आधुनिक तकनीकों जैसे:
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Hydroponics
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Farming Under Solar Panels
इनसे कम भूमि पर भी अधिक उत्पादन संभव हो सकता है।