Battery Recycling या Silent Killer? बांग्लादेश के गांवों में फैल रही मौत

Recycling जहां एक ओर पर्यावरण संरक्षण की दिशा में जरूरी कदम माना जाता है, वहीं Bangladesh में इसका काला पक्ष अब बच्चों की सेहत और ज़िंदगी पर भारी पड़ रहा है। गैर-कानूनी तरीके से हो रही Lead Battery Recycling की वजह से गांव की हवा, मिट्टी और पानी सब कुछ जहरीला हो गया है, और इसका सबसे खतरनाक असर पड़ रहा है बच्चों की ग्रोथ और मानसिक स्वास्थ्य पर

3.5 करोड़ बच्चे Lead Poisoning के शिकार

बांग्लादेश के जुनैद अख्तर, जो महज 12 साल का है, उसका शारीरिक विकास उसकी उम्र से बहुत पीछे है। WHO (World Health Organization) की सीमा से दोगुनी मात्रा में उसके खून में lead (सीसा) पाया गया है। यह स्थिति न सिर्फ उसकी पढ़ाई और मानसिक क्षमता को प्रभावित कर रही है, बल्कि जीवनभर के neurological damage का खतरा भी है।

जुनैद उन 3.5 करोड़ बच्चों में शामिल है, जो बांग्लादेश में Lead Contamination से जूझ रहे हैं—जो कि वहां के कुल बच्चों का लगभग 60% है।

रात में जलती थीं रीसाइक्लिंग फैक्ट्रियां, गांव में फैलता था ज़हर

जुनैद की मां बिथी अख्तर बताती हैं कि एक बंद हो चुकी फैक्ट्री, जो पुरानी बैटरियों को Recycle करती थी, उनकी जिंदगी की सबसे बड़ी मुसीबत बन गई। रात में बैटरियों को जलाने से हवा में जहरीला धुआं फैलता था। नतीजा यह हुआ कि मिट्टी बंजर हो गई, पेड़ फल देना बंद कर चुके थे और मवेशी तक मरने लगे।

रीसाइक्लिंग की प्रक्रिया से कैसे होता है नुकसान?

  • Used Batteries को तोड़कर उनमें से Lead निकालकर पिघलाया जाता है।

  • यह प्रक्रिया अक्सर खुले में की जाती है—जिससे toxic smoke और acidic wastewater मिट्टी और जल स्रोतों को प्रदूषित करते हैं।

  • इससे न केवल Environmental Pollution फैलता है, बल्कि आसपास रहने वाले लोगों को Lead Poisoning का सीधा खतरा रहता है।

एक गांव की मौत: Fullbaria की कहानी

ढाका से कुछ घंटे की दूरी पर स्थित Fullbaria गांव में एक चीनी कंपनी द्वारा चलाई जा रही Battery Recycling Plant अब मौत का पर्याय बन गई है। खेत सूख चुके हैं, पानी लालचट हो चुका है, और स्थानीय निवासी अपनी पुरानी हरी-भरी जिंदगी को याद करके आहत हैं।

इंजीनियर रकीब हसन ने कहा, “यह फैक्ट्री नहीं, मौत की मशीन है। इसने हमारे गांव को हमेशा के लिए बर्बाद कर दिया है।”

उन्होंने स्थानीय कोर्ट से फैक्ट्री बंद करवाने का आदेश भी लिया, लेकिन Bangladesh Supreme Court ने उसे पलट दिया। उनका आरोप है कि फैक्ट्री ने local authorities को घूस देकर मामले को दबा दिया।

सरकार और संस्थाओं की प्रतिक्रिया

पर्यावरण मंत्री सईदा रिजवाना हसन ने अदालत में मामला लंबित होने के चलते कोई टिप्पणी नहीं की, लेकिन उन्होंने माना कि Battery Recycling Regulation और Enforcement अभी भी बेहद कमजोर है।

अंतरराष्ट्रीय संस्था Pure Earth की रिपोर्ट बताती है कि देश भर में अभी भी 265 जगहों पर गैर-कानूनी रूप से बैटरियां रीसाइकल की जा रही हैं।

रिक्शा विद्युतीकरण ने बढ़ाई बैटरी की मांग

बांग्लादेश में Electric Rickshaw Revolution तेजी से फैल रहा है। अनुमान है कि देश की सड़कों पर 4 मिलियन से ज्यादा ई-रिक्शा हैं और इस क्षेत्र का बाजार करीब 870 मिलियन डॉलर का है। लेकिन इसी ने Battery Waste Crisis को जन्म दे दिया है।

UNICEF की माया वेन्डेनैंट का कहना है कि,

“यह इलेक्ट्रिक मोबिलिटी का डार्क साइड है। लोग इसके हेल्थ इम्पैक्ट से अनजान हैं, और इससे बांग्लादेश की GDP का 6.9% तक प्रभावित हो सकता है।”