भारत जोड़ो के बाद अब ‘संविधान बचाओ रैली’, कांग्रेस की नई सियासी चाल?
भारत जोड़ो यात्रा के बाद अब Congress देशभर में एक नया राजनीतिक अभियान शुरू करने जा रही है। इस बार पार्टी ने इसे नाम दिया है – ‘संविधान बचाओ रैली’ (Save the Constitution Campaign)। यह मुहिम 25 अप्रैल से शुरू होकर मई के अंत तक चलेगी, जिसमें देश के कोने-कोने में रैली, जनसभा और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
शनिवार को कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं, महासचिवों और प्रभारियों के साथ एक रणनीतिक बैठक हुई, जिसमें कांग्रेस अध्यक्ष Mallikarjun Kharge, प्रियंका गांधी वाड्रा समेत शीर्ष नेतृत्व मौजूद रहा। बैठक के बाद पार्टी के महासचिव Jairam Ramesh ने मीडिया को बताया कि यह अभियान सिर्फ एक रैली नहीं, बल्कि एक जनजागरण आंदोलन होगा।
क्या है ‘संविधान बचाओ रैली’ का मकसद?
Jairam Ramesh के मुताबिक, इस रैली का मुख्य उद्देश्य है – सामाजिक न्याय, आर्थिक समानता और राजनीतिक अधिकार जैसे मुद्दों को लेकर जनता को जागरूक करना। कांग्रेस इन रैलियों के जरिए जातिगत जनगणना, आरक्षण की सीमा हटाने, निजी शिक्षण संस्थानों में आरक्षण लागू करने जैसे मुद्दों को लेकर जन समर्थन जुटाना चाहती है।
उन्होंने बताया कि:
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25 से 30 अप्रैल: राज्य स्तर पर Constitution Rally का आयोजन
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3 से 10 मई: जिला स्तर की जनसभाएं
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11 से 17 मई: विधानसभा स्तर पर कार्यक्रम
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20 से 30 मई: ‘घर-घर संविधान बचाओ’ अभियान
सामाजिक और आर्थिक न्याय की मांगें
इस कैंपेन में Social Justice के तहत कांग्रेस तीन प्रमुख मांगें उठा रही है:
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जातिगत जनगणना को जल्द कराया जाए
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Private educational institutions में SC-ST और OBC को आरक्षण मिले
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आरक्षण पर लगी 50% limit को हटाया जाए
वहीं Economic Justice के लिए पार्टी की मांगें हैं:
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Swaminathan formula के आधार पर किसानों को MSP (Minimum Support Price)
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किसान कर्जमाफी योजना
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देश में बंद पड़े MSME units को दोबारा शुरू करने की पहल