NIA Hunt Widens: Doctors Terror Module में कौन-कौन शामिल? गुजरात लिंक ने बढ़ाई चिंता

दिल्ली के लाल किले के पास हुए धमाके में इस्तेमाल हुए अमोनियम नाइट्रेट के स्रोत को लेकर जांच एजेंसियों को शक है कि यह Gujarat Supply Route से आया हो सकता है। विस्फोट में इस्तेमाल हुए explosive material की forensic जांच जारी है और NIA इसकी origin की कड़ियां जोड़ रही है।

इस बीच Jammu-Kashmir Police ने फरीदाबाद में पकड़े गए आतंकी मॉड्यूल और दिल्ली धमाके से जुड़े नेटवर्क की जांच के तहत गुरुवार को कश्मीर में 13 से अधिक ठिकानों पर छापेमारी की। इन ऑपरेशनों में एक और डॉक्टर सहित लगभग 10 संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है।

500 से अधिक जगहों पर छापेमारी, White Collar Radical Network पर शिकंजा

पिछले दो हफ्तों में जम्मू-कश्मीर पुलिस ने पूरे UT में 500 से अधिक लोकेशंस पर छापे मारे हैं। रातभर चलाए गए अभियानों में

बडगाम

अनंतनाग

पुलवामा

कुलगाम

जिलों से कई लोगों को पूछताछ के लिए उठाया गया।

एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार,

“बडगाम से एक और डॉक्टर को पकड़ा गया है। जिन संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है, उनसे उनकी हालिया foreign travels और suspicious financial movement के बारे में पूछताछ हो रही है।”

संदिग्धों के मोबाइल फोन, लैपटॉप, डिजिटल गैजेट्स समेत कई इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जब्त किए गए हैं।

NIA Tracking White Collar Terror Module: अब तक तीन डॉक्टर गिरफ्तार, एक मुख्य आरोपी मारा गया

राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) इस हमले में शामिल White Collar Terror Network के अंदरूनी तारों को खंगाल रही है। अब तक—

3 डॉक्टर गिरफ्तार

1 डॉक्टर (डॉ. उमर नबी) मारा गया, जिसने घबराहट में कार में बम डिटोनेट कर दिया था

कई अन्य मेडिकल प्रोफेशनल और छात्र शक के घेरे में

डॉ. उमर नबी ही वह व्यक्ति था जिसने I20 कार में बम रखकर धमाका करने का प्रयास किया लेकिन uncontrolled detonation में खुद मारा गया। इस विस्फोट में 13 लोगों की मौत हुई।

UP ATS की बड़ी कार्रवाई: कानपुर से मेडिकल छात्र हिरासत में

उत्तर प्रदेश ATS ने कानपुर में GSVM Medical College के पहले वर्ष के DM (Cardiology) छात्र डॉ. मोहम्मद आरिफ को हिरासत में लिया है।
आरिफ अनंतनाग के रहने वाले हैं और उनका नाम डॉ. सईद की गिरफ्तारी के बाद सामने आया।

डॉ. सईद को Jaish-e-Mohammad (JeM) और Ansar Ghazwat-ul-Hind से जुड़े “white collar terror module” की जांच के दौरान पकड़ा गया था।

Blast के दिन किससे बात कर रहा था नेटवर्क? साझा ईमेल ID बना हथियार

सूत्रों के अनुसार, धमाके के दिन आरिफ फोन पर

डॉ. शाहीन

शाहीन के भाई परवेज

और नेटवर्क के अन्य सदस्यों

के संपर्क में था।
NIA की जांच में सामने आया है कि मॉड्यूल ने shared email ID में “draft messages” डालकर सूचना का आदान-प्रदान किया — एक ऐसी तकनीक जो surveillance से बचने के लिए कई global terror outfits इस्तेमाल करती हैं।

Doctors Terror Gang की डायरियों में 8–12 नवंबर का ब्लूप्रिंट मिला

जांच टीम को

डॉ. नबी

और डॉ. मुजम्मिल गनई

की डायरी मिली है, जिसमें—

धमाके की planning timeline (8–12 नवंबर)

Kashmir से जुड़े 20+ संदिग्धों के नाम

कोडवर्ड

logistics details

लिखे हुए थे।

यह डायरी नेटवर्क के central planning module का सबसे अहम सबूत मानी जा रही है।

Al Falah University से तीसरी गाड़ी जब्त, मेडिकल सुपरिंटेंडेंट भी हिरासत में

डॉ. सईद से जुड़े एक और वाहन — Maruti Suzuki Brezza — को अल-फलाह यूनिवर्सिटी परिसर से बरामद किया गया है।
इसके साथ ही यूनिवर्सिटी के मेडिकल सुपरिंटेंडेंट डॉ. जमील अहमद को भी हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।

NIA को शक है कि

recruitment

training

और logistics exchange

का बड़ा हिस्सा इसी कैंपस में होता था।

Gujarat Link और Doctor Module ने बढ़ाई जांच की दिशा

NIA अब दो प्रमुख angles पर फोकस कर रही है:

Explosive Origin (Ammonium Nitrate Supply Chain) – क्या गुजरात से आया था सामान?

White Collar Terror Network – जहां डॉक्टर, मेडिकल छात्र और यूनिवर्सिटी स्टाफ शामिल पाए गए।

जांच में हर घंटे नए लिंक सामने आ रहे हैं, और एजेंसियां explosive network के national footprint को समझने की कोशिश कर रही हैं।