DNA रिपोर्ट ने खोला राज – लाल किले के पास ब्लास्ट हुई i20 कार चला रहा था डॉ. उमर

Delhi Red Fort Blast Case में अब एक बड़ा खुलासा हुआ है। दिल्ली के लाल किले के सामने विस्फोट के बाद बरामद हुई Hyundai i20 कार में मिले अज्ञात शव के अवशेषों की पहचान हो गई है।
एम्स (AIIMS) के फॉरेंसिक विभाग के सूत्रों के अनुसार, DNA टेस्ट से यह पुष्टि हो गई है कि शव कुख्यात संदिग्ध डॉक्टर उमर नबी का ही है, जो इस आत्मघाती हमले को अंजाम दे रहा था।

हालांकि, final forensic report आने में अभी कुछ समय लग सकता है, लेकिन शुरुआती जांच में DNA match की पुष्टि हो चुकी है।

CCTV Footage ने खोली ब्लास्ट की टाइमलाइन

शुरुआती जांच में सामने आया कि विस्फोट से पहले यह i20 कार लगभग तीन घंटे तक घटना स्थल के पास पार्किंग में खड़ी थी।
CCTV फुटेज में साफ दिखाई दे रहा है कि Dr. Umar Nabi उसी कार में लगातार बैठा रहा और कुछ देर बाद विस्फोट हुआ।
जांच एजेंसियों का मानना है कि वह suicide bomber के रूप में मिशन पर था।

पुलिस ने कार की driver seat पर मिले अवशेषों का DNA sample लिया था, जबकि मंगलवार को कश्मीर में उसकी मां और भाई के DNA samples एकत्र किए गए।
सूत्रों के मुताबिक, दोनों सैंपल्स के cross-match में DNA पूरी तरह मेल खा गया, जिससे यह लगभग तय हो गया कि ब्लास्ट के वक्त कार में उमर ही मौजूद था।

Forensic Experts बोले – “DNA प्रोफाइलिंग एक जटिल लेकिन निर्णायक प्रक्रिया”

फॉरेंसिक एक्सपर्ट्स का कहना है कि शव की पहचान के लिए DNA टेस्ट सबसे विश्वसनीय तरीका होता है, हालांकि यह प्रक्रिया multi-step और time-consuming होती है।
आमतौर पर DNA match में 3 से 7 दिन का समय लगता है, लेकिन urgent terrorism cases में इसे 24 घंटे में भी पूरा किया जा सकता है।

AIIMS की फॉरेंसिक टीम ने भी बताया कि “DNA प्रोफाइलिंग को दो से तीन चरणों में पूरा किया जाता है ताकि किसी भी स्तर पर गलती की गुंजाइश न रहे।”

Government Response: “यह जघन्य आतंकी घटना है”

प्रधानमंत्री Narendra Modi की अध्यक्षता में बुधवार को हुई Cabinet Committee on Security (CCS) की आपात बैठक में इस घटना को घृणित आतंकवादी हमला (heinous terror attack) करार दिया गया।

केंद्रीय मंत्रिमंडल ने प्रस्ताव पारित करते हुए कहा कि –

“इस हमले के जिम्मेदार अपराधियों, उनके सहयोगियों और प्रायोजकों की पहचान कर उन्हें जल्द से जल्द न्याय के कटघरे में लाया जाएगा।”

सरकार ने यह भी स्पष्ट किया कि भारत आतंकवाद के किसी भी रूप के प्रति Zero Tolerance Policy पर कायम रहेगा।
बैठक के दौरान मृतकों की याद में दो मिनट का मौन भी रखा गया।

Investigation Update – पेशेवर ढंग से चल रही जांच

सरकार ने एजेंसियों को निर्देश दिया है कि probe must be professional, fast and foolproof ताकि इस साजिश की हर कड़ी का पर्दाफाश हो सके।
जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि क्या डॉक्टर उमर किसी larger terror network का हिस्सा था या उसने यह आत्मघाती हमला local module के सहयोग से किया।

सूत्रों के मुताबिक, इस केस की मॉनिटरिंग national security level पर की जा रही है और सुरक्षा एजेंसियां हर संभावित लिंक पर नजर रखे हुए हैं।

Delhi Red Fort Blast ने एक बार फिर देश की सुरक्षा एजेंसियों को अलर्ट कर दिया है।
DNA रिपोर्ट से साफ है कि Dr. Umar Nabi ही इस i20 car blast का मुख्य आरोपी था, जो संभवतः एक बड़े terror network का हिस्सा था।

सरकार ने दो टूक कहा है कि culprits will face the strictest punishment, और देश किसी भी कीमत पर आतंक के सामने झुकेगा नहीं।