Uttarkashi Disaster 2025: धराली में मलबे के नीचे दबे लोग, GPR से मिले संकेत

5 अगस्त को Uttarkashi के धराली क्षेत्र में आई भयंकर landslide disaster में भारी बारिश और बहते मलबे के कारण कई लोग और होटल लगभग 8-10 फीट गहराई में दब गए। NDRF (National Disaster Response Force) और SDRF की teams ने इस आपदा प्रभावित क्षेत्र में Ground Penetrating Radar (GPR) का इस्तेमाल कर मलबे के भीतर दबे लोगों और वस्तुओं का पता लगाया। GPR से मिली जानकारी के अनुसार कई स्थानों पर rescue operations तेज़ कर दिए गए हैं।

अब तक खोजी गई रिपोर्ट में दो खच्चरों और एक गाय के शव बरामद हुए हैं। धराली क्षेत्र को चार सेक्टर में बांटकर search और rescue अभियान चलाया जा रहा है, जिसमें दो सेक्टर NDRF और दो SDRF के टीमों को जिम्मा दिया गया है।

मौसम साफ होने के बाद Wednesday से helicopters की उड़ान शुरू हुई। दो Chinook helicopters, एक MI helicopter और एक ALH helicopter भी तैनात किए गए, जो रेस्क्यू ऑपरेशन में मदद कर रहे हैं। ITBP और Army की teams भी मैन्युअली खुदाई कर रहे हैं और प्रभावित इलाकों में search and rescue अभियान जारी है।

हेलिकॉप्टर के माध्यम से 48 लोगों और आवश्यक ration supply को अलग-अलग क्षेत्रों में पहुंचाया गया। खीरगंगा में बढ़ते जलस्तर से बनाए गए संपर्क पुलिया बह गई थी, जिसे फिर से तैयार किया गया। शासन ने आपदा के कारणों का अध्ययन करने के लिए expert teams को भी तैनात किया है। इस व्यापक Uttarkashi rescue mission में NDRF, SDRF, ITBP और Army की संयुक्त टीमें लगातार प्रभावित लोगों को ढूंढ रही हैं।