Plan to provide jobs to 10,000 youths in Uttarakhand; government prepares a comprehensive roadmap.
उत्तराखंड सरकार राज्य के युवाओं को उनकी interest और skills के अनुरूप employment opportunities से जोड़ने के लिए अब एक बड़ा कदम उठाने जा रही है। प्रदेश में पहली बार Skill Census 2025 आयोजित किया जाएगा। इस पहल का उद्देश्य है — रोजगार सृजन को बढ़ावा देना, उद्योगों की skill demand समझना, और युवाओं के लिए targeted training programs तैयार करना।
Uttarakhand Skill Development Committee ने इस अभियान की तैयारी शुरू कर दी है। राज्य सरकार चाहती है कि यह जनगणना न केवल युवाओं की education and skill level को मापे, बल्कि यह भी बताए कि राज्य में किस क्षेत्र में employment gap या skill shortage है।
देश का दूसरा राज्य बना उत्तराखंड
कौशल जनगणना कराने वाला उत्तराखंड, देश का दूसरा राज्य होगा। इससे पहले Andhra Pradesh के Mangalagiri Assembly Constituency और Thullur Mandal में इसका pilot project शुरू किया गया था।
नोडल अधिकारी पंकज कुमार के अनुसार, सरकार ने परियोजना की अनुमति दे दी है और वर्तमान में consultancy firm का चयन चल रहा है जो Detailed Project Report (DPR) तैयार करेगी। इसी रिपोर्ट के बाद census model का फाइनल खाका तैयार किया जाएगा।
कैसे होगी Skill Census
इस जनगणना में युवाओं की education qualification, technical skills, और career interests से जुड़ा डेटा एकत्र किया जाएगा।
साथ ही, प्रदेश के industries and business sectors से उनकी skill requirements की जानकारी भी ली जाएगी।
हर व्यक्ति को एक “Skill ID” दी जाएगी — यह ID उनके हुनर और अनुभव का डिजिटल रिकॉर्ड होगी। सरकार इसी आधार पर training programs, job matching, और skill development initiatives को आगे बढ़ाएगी।
अभी यह तय नहीं हुआ है कि डेटा online एकत्र किया जाएगा या offline, लेकिन दोनों विकल्पों पर विचार चल रहा है।
Skill Census के लाभ
प्रदेश में उपलब्ध skills का real-time database तैयार होगा।
सरकार को पता चलेगा कि किन क्षेत्रों में skill gap है और किन उद्योगों में manpower की demand अधिक है।
युवाओं को सही दिशा में training और placement का मौका मिलेगा।
सटीक डेटा के आधार पर राज्य सरकार अपनी employment policies और education system में जरूरी बदलाव कर सकेगी।
इससे private sector collaboration और start-up ecosystem को भी मजबूती मिलेगी।
Andhra Pradesh Model: देश में पहला Skill Census
आंध्र प्रदेश में Infosys कंपनी इस परियोजना पर काम कर रही है। वहां दो चरणों में जनगणना हो रही है —
पहले चरण में industries की skill requirement mapping की जा रही है।
दूसरे चरण में 15 से 59 वर्ष आयु वर्ग के लोगों की education और skills की जानकारी एकत्र की जा रही है।
Uttarakhand सरकार भी इसी मॉडल को अपने राज्य में लागू करने की दिशा में काम कर रही है।
Expert View
राज्य सरकार के एक अधिकारी के अनुसार —
“Skill Census से न केवल युवाओं की रोजगार संभावनाएं बढ़ेंगी बल्कि उद्योगों को भी योग्य मानव संसाधन मिलेगा। यह डेटा-driven नीति निर्माण का पहला बड़ा कदम है।”