PM Modi in Uttarakhand: विकास और सनातन बने 2027 चुनाव का मंत्र, 29 मिनट में 66 बार लिया ‘उत्तराखंड’ का नाम

देहरादून में आयोजित राज्य स्थापना की रजत जयंती समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने न केवल राज्य की उपलब्धियों का जिक्र किया, बल्कि भाजपा के लिए 2027 विधानसभा चुनाव का एजेंडा भी तय कर गए। पीएम मोदी ने अपने भाषण में साफ संदेश दिया कि “विकास और सनातन” आने वाले वर्षों में भाजपा की राजनीतिक दिशा तय करेंगे।

राज्य पर केंद्रित रहा पूरा भाषण

दिल्ली या बिहार की राजनीति पर टिप्पणी की उम्मीदों के बीच, पीएम मोदी का पूरा ध्यान उत्तराखंड के विकास और भविष्य पर रहा। एफआरआई के ऐतिहासिक परिसर में दिए गए 29 मिनट के भाषण में उन्होंने राज्य के संघर्ष, संकल्प और सामर्थ्य की गहराई से चर्चा की।
उन्होंने कहा –

“उत्तराखंड में कई बार विकास के रास्ते में बाधाएं आईं, लेकिन भाजपा की डबल इंजन सरकार ने यह सुनिश्चित किया कि विकास की रफ्तार कभी रुके नहीं।”

इसके साथ ही प्रधानमंत्री ने राज्य सरकार की नीतियों और योजनाओं की खुलकर सराहना की।

29 मिनट में 66 बार लिया ‘उत्तराखंड’ का नाम

पीएम मोदी के संबोधन की सबसे खास बात यह रही कि उन्होंने सिर्फ 29 मिनट में 66 बार ‘उत्तराखंड’ शब्द दोहराया। भाषण में बार-बार उन्होंने राज्य की भाषा, संस्कृति और पहाड़ी जीवनशैली से अपना जुड़ाव दिखाया। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड के लोगों का संघर्ष और समर्पण ही इस भूमि की असली पहचान है।

राज्य आंदोलनकारियों को दी श्रद्धांजलि

प्रधानमंत्री ने उत्तराखंड आंदोलन के शहीदों को नमन करते हुए कहा –

“नौ नवंबर का दिन सिर्फ एक तारीख नहीं, बल्कि एक लंबी तपस्या का फल है।”

उन्होंने कहा कि यह दिन उन सभी के लिए गर्व का क्षण है, जिन्होंने इस राज्य के निर्माण के लिए संघर्ष किया। अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार द्वारा राज्य गठन के फैसले को उन्होंने “आमजन के सपनों का साकार रूप” बताया।

उत्तराखंड के ‘उत्कर्ष काल’ की शुरुआत

मोदी ने अपने ‘उत्तराखंड दशक’ वाले बयान को दोहराते हुए कहा कि यह राज्य अब अपने उत्कर्ष कालखंड (Era of Excellence) में प्रवेश कर चुका है।

“जब मैं साधना के लिए यहां आता था, तब मुझे पहाड़ों में रहने वालों की मेहनत, संघर्ष और आत्मबल देखकर प्रेरणा मिलती थी। आज वही सामर्थ्य पूरे देश के सामने उदाहरण है।”

उन्होंने कहा कि बाबा केदार के आशीर्वाद और जनता के सहयोग से उत्तराखंड नई ऊंचाइयों की ओर बढ़ रहा है।

भाजपा का 2027 एजेंडा तय

हालांकि चुनाव अभी दो साल दूर हैं, लेकिन पीएम मोदी के इस भाषण ने साफ कर दिया कि भाजपा अब मिशन 2027 में उतर चुकी है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी लगातार विकास परियोजनाओं के लोकार्पण और जनसंपर्क में जुटे हैं, जिससे यह संदेश जा चुका है कि पार्टी अब पूरे फोकस के साथ अगले विधानसभा चुनाव की तैयारी कर रही है।