North India Flood Tragedy: Twins cling to their mother's chest, village mourns
इस साल के मॉनसून ने Uttarakhand disaster 2025 के रूप में कई अनकहे जख्म दिए हैं। चमोली जिले में आई आपदा ने इंसानी जीवन को हिलाकर रख दिया है। पहाड़ों की खूबसूरती के बीच बसे गांव अब tragedy-hit villages in Chamoli के रूप में खामोशी और मातम में डूबे हैं।
कुंतरी फाली गांव, जो चमोली शहर से करीब 50 किलोमीटर दूर है, आपदा के बाद missing persons search की प्रक्रिया में सबसे कठिन चुनौती बना हुआ है। रेस्क्यू टीम दिन-रात मलबे को हटाकर लोगों की तलाश में लगी हुई है।
16 घंटे बाद बचा पिता
शुक्रवार (19 सितंबर) को आशा की किरण जगी, जब 16 घंटे की मेहनत के बाद Kunwar Singh नामक व्यक्ति को मलबे से सुरक्षित निकाला गया। कुंवर सिंह के रेस्क्यू के बाद टीम तुरंत उनके परिवार की तलाश में जुट गई, जो मकान के अंदर मलबे में दबे हुए थे।
मां और जुड़वां बच्चों की हृदय विदारक कहानी
रेस्क्यू टीम जब कुंवर सिंह के घर के अंदर पहुंची, तो वहां का मंजर देखकर हर किसी की आंखें नम हो गईं। कुंवर की पत्नी Kanta Devi (38) और उनके 10 साल के जुड़वां बेटे Vishal और Vikas मलबे में दबे हुए थे। मां ने आखिरी सांस तक अपने बच्चों को सीने से लगाए रखा, लेकिन दुर्भाग्यवश उनकी जान नहीं बच सकी।
कुंवर सिंह को 16 घंटे बाद मलबे से निकालने में सफलता मिली, लेकिन उनकी पत्नी और बच्चे इस प्राकृतिक आपदा में नहीं बच सके।
गांव में मातम
इस हादसे में कुल 5 शव बाहर निकाले गए। जैसे ही rescue operation में मां-बच्चों के शव बाहर निकाले गए, पूरा गांव सिसकियों से गूंज उठा। जो बच्चे गांव की रौनक थे, अब उनका न होना गांव में गहरी खामोशी छोड़ गया।
संगीता देवी की कहानी
इसी गांव की संगीता देवी की कहानी भी हृदय विदारक है। कुछ साल पहले उन्होंने अपने पति को खो दिया था। अब यह आपदा उनका आशियाना भी ले गई। संगीता अपनी छोटी बेटी के साथ गांव में खेती-बाड़ी से गुजारा करती थीं। अब उनका घर मलबे में समा चुका है।
रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
कठिन परिस्थितियों में जवान rescue teams हथौड़ों और औजारों से छत तोड़कर मलबे में फंसे लोगों तक पहुंचने की कोशिश कर रहे हैं। मुख्यमंत्री Pushkar Singh Dhami ने गांव का दौरा किया और पीड़ित परिवारों को हरसंभव मदद का आश्वासन दिया।
मलबे में दबे हर ईंट के पीछे छिपी होती है एक जिंदगी की उम्मीद, और इसी उम्मीद के सहारे रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है।