Kanwar Mela at its peak in Haridwar, lakhs of Kanwadis collected Gangajal - have you seen these pictures?
Shravan Maas की शुरुआत के साथ ही Kanwar Yatra 2024 अपने चरम पर पहुंच गई है। हरिद्वार से लेकर गंगनहर पटरी और हाईवे तक Bol Bam और Har Har Mahadev के जयघोष गूंज रहे हैं। केवल पांच दिनों में ही 80 लाख 90 हजार से अधिक Kanwar pilgrims हरिद्वार से गंगाजल लेकर अपने गंतव्य की ओर रवाना हो चुके हैं।
प्रशासनिक आंकड़ों ने किया खुलासा
कांवड़ मेले की आधिकारिक शुरुआत 11 जुलाई से मानी गई, लेकिन 10 जुलाई से ही Haridwar में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ जुटनी शुरू हो गई थी।
Police administration द्वारा जारी रिपोर्ट के अनुसार, 10 जुलाई से 15 जुलाई (मंगलवार शाम 6 बजे) तक कुल 80.90 लाख Kanwariyas हरिद्वार से गंगाजल भरकर लौट चुके हैं।
सिर्फ 24 घंटे में 31 लाख श्रद्धालु
सोमवार शाम 6 बजे से मंगलवार शाम 6 बजे तक की अवधि में ही 31 लाख श्रद्धालुओं ने Har Ki Pauri और अन्य घाटों से गंगाजल भरकर वापसी की। यह आंकड़ा Kanwar Yatra में आस्था और भागीदारी के उच्चतम स्तर को दर्शाता है।
Haridwar में श्रद्धा का महासागर, तस्वीरों में देखें माहौल
Haridwar roads, Ganga Canal track, और National Highways तक भगवा वस्त्रों में लिपटे Shiv Bhakts का रेला दिखाई दे रहा है। संपूर्ण धर्मनगरी Bhagwa rang में रंगी हुई है और चारों ओर सिर्फ “बोल बम”, “बम बम भोले”, और “हर हर महादेव” की गूंज सुनाई दे रही है।
हरिद्वार के कनखल क्षेत्र स्थित Daridra Bhanjan Mahadev Mandir में कांवड़ यात्रियों द्वारा फलों का भोग अर्पित किया गया, जो श्रद्धा और परंपरा का जीवंत उदाहरण है।
पुलिस-प्रशासन ने संभाला मोर्चा
Kanwar crowd management को ध्यान में रखते हुए Police और Local Administration पूरी मुस्तैदी से डटे हुए हैं। हर चौराहे, घाट और हाईवे पर सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है ताकि श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो।
हरिद्वार में इन दिनों आस्था और ऊर्जा का अद्भुत संगम देखने को मिल रहा है। पांच दिनों में रिकॉर्ड श्रद्धालु गंगाजल लेकर अपने स्थानों की ओर प्रस्थान कर चुके हैं। प्रशासन की चुस्त व्यवस्था और भक्तों की आस्था ने मिलकर इस यात्रा को एक अद्वितीय अनुभव बना दिया है।