Female pilgrim dies after being hit by falling stones on the Kedarnath route; hundreds stranded; heavy rain alert for six districts.
उत्तराखंड में Monsoon Rain के कारण चारधाम यात्रा की मुश्किलें लगातार बनी हुई हैं। रविवार को केदारनाथ पैदल मार्ग पर चीरबासा के पास पहाड़ी से अचानक पत्थर गिरने से महाराष्ट्र की एक महिला यात्री की मौत हो गई। हादसे के बाद सुरक्षा को देखते हुए केदारनाथ यात्रा को रोक दिया गया। इस दौरान सैकड़ों तीर्थयात्री अलग-अलग स्थानों पर फंस गए। पुलिस, एसडीआरएफ, वाईएमएफ और डीडीआरएफ की टीमें यात्रियों की सुरक्षित आवाजाही में जुटी रहीं।
चीरबासा में पत्थर गिरने से महिला की मौत
गौरीकुंड से केदारनाथ धाम की ओर जा रहे महाराष्ट्र के यात्रियों का दल रविवार को चीरबासा के पास पहुंचा था। इसी दौरान पहाड़ी से अचानक पत्थर गिरने लगे। एक पत्थर की चपेट में आने से 60 वर्षीय महिला यात्री की मौत हो गई। जिला आपदा प्रबंधन कंट्रोल रूम के अनुसार मृतका मंगल अपाराव सिंधे महाराष्ट्र के सोलापुर जिले की रहने वाली थीं।
हादसे के बाद प्रशासन ने यात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए केदारनाथ पैदल मार्ग पर आवाजाही रोक दी। अधिकारियों के अनुसार चीरबासा समेत मार्ग के अन्य हिस्सों में भी पत्थर गिरने की घटनाएं सामने आती रहीं।
सोनप्रयाग और गौरीकुंड से रोकी गई यात्रा
बारिश और लगातार पत्थर गिरने के खतरे को देखते हुए पुलिस ने रविवार सुबह 11 बजे के बाद सोनप्रयाग और गौरीकुंड से यात्रियों की आवाजाही रोक दी। हालांकि, इससे पहले चार हजार से अधिक श्रद्धालु केदारनाथ धाम की ओर रवाना हो चुके थे। वहीं करीब 2,500 यात्री केदारनाथ से वापस लौट चुके थे।
पैदल मार्ग पर मौजूद यात्रियों को पुलिस और आपदा राहत टीमों की निगरानी में सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया गया। दिनभर मौसम खराब रहने के कारण यात्रियों को सोनप्रयाग से आगे जाने की अनुमति नहीं दी गई। प्रशासन की ओर से मौसम और रास्ते की स्थिति को देखते हुए आगे की यात्रा शुरू कराने का फैसला लिया जाएगा।
आज छह जिलों में भारी बारिश का Yellow Alert
उत्तराखंड में सोमवार को भी मौसम खराब रहने की संभावना है। मौसम विभाग ने राज्य के छह जिलों में कहीं-कहीं भारी बारिश को लेकर Yellow Alert जारी किया है। इनमें पौड़ी, नैनीताल, बागेश्वर, चंपावत, ऊधमसिंह नगर और चमोली शामिल हैं।
इन जिलों के कुछ इलाकों में भारी बारिश हो सकती है, जबकि राज्य के अन्य हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश का अनुमान है। मौसम विभाग ने लोगों से बारिश के दौरान विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। पहाड़ी क्षेत्रों में यात्रा करने वालों को भूस्खलन और पत्थर गिरने वाले संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त सतर्कता बरतने की जरूरत है।
बदरीनाथ और हेमकुंड की चोटियों पर पहली बर्फबारी
गढ़वाल क्षेत्र में बारिश के बीच रविवार को ऊंचाई वाले इलाकों में मौसम ने अलग रंग दिखाया। बदरीनाथ धाम के आसपास नर-नारायण और नीलकंठ पर्वत की ऊंची चोटियों पर हल्की बर्फबारी हुई। इसके अलावा हेमकुंड साहिब क्षेत्र की पहाड़ियों पर भी बर्फ गिरी।
फूलों की घाटी, चिनाप वैली, सोना शिखर और Valley of Flowers National Park के कुंठखाल व टिपरा खरक की ऊंची पहाड़ियों पर भी इस साल की पहली बर्फबारी दर्ज की गई। बारिश और बर्फबारी के कारण इन ऊंचाई वाले इलाकों में ठंड बढ़ गई है।
यात्रियों की सुरक्षा बनी प्रशासन की प्राथमिकता
केदारनाथ पैदल मार्ग पर पत्थर गिरने की घटना के बाद प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। मानसून के दौरान पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन, पत्थर गिरने और अचानक मौसम बदलने का खतरा बढ़ जाता है। ऐसे में तीर्थयात्रियों को मौसम विभाग और स्थानीय प्रशासन की advisory का पालन करने की सलाह दी जा रही है।
फिलहाल Kedarnath Yatra की स्थिति मौसम और पैदल मार्ग की सुरक्षा पर निर्भर करेगी। यात्रियों को बिना प्रशासन की अनुमति के संवेदनशील मार्गों पर आगे बढ़ने से बचने की सलाह दी गई है।