Election Strategy Mode ON: Why is Rahul Gandhi and BJP's visit to Uttarakhand important?
उत्तराखंड की राजनीति में आने वाले दिनों में बड़ा सियासी बदलाव देखने को मिल सकता है। राज्य में BJP vs Congress political battle एक बार फिर तेज होने जा रहा है, क्योंकि दोनों ही दलों के शीर्ष नेता राज्य के दौरे पर पहुंच रहे हैं।
गर्मी के मौसम के साथ-साथ अब Uttarakhand politics का तापमान भी लगातार बढ़ता नजर आ रहा है।
नितिन नवीन का उत्तराखंड दौरा
भाजपा अध्यक्ष Nitin Naveen गुरुवार को तीन दिवसीय दौरे पर देहरादून पहुंचेंगे। इस दौरान वे संगठनात्मक गतिविधियों और चुनावी तैयारियों की समीक्षा करेंगे।
उनके कार्यक्रम में शामिल हैं:
कोर कमेटी और संगठनात्मक बैठकों में हिस्सा
मुख्यमंत्री और कैबिनेट मंत्रियों के साथ रणनीतिक चर्चा
बूथ स्तर तक चुनावी तैयारियों की समीक्षा
संगठन को मजबूत करने पर फोकस
भाजपा का उद्देश्य आगामी चुनावों के लिए grassroot level election strategy को मजबूत करना बताया जा रहा है।
राहुल गांधी का उत्तराखंड दौरा
कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष Rahul Gandhi 4 और 5 जून को उत्तराखंड दौरे पर रहेंगे।
उनका कार्यक्रम इस प्रकार रहेगा
4 जून:
सुबह 11:30 बजे अल्मोड़ा में जनसभा (public rally)
शाम 3:30 से 5:00 बजे तक पौड़ी में पूर्व सैनिकों से संवाद
5 जून:
देहरादून में पार्टी पदाधिकारियों के साथ बैठक
आगामी चुनावी रणनीति और ground-level issues पर चर्चा
यह दौरा कांग्रेस के लिए mission 2026 election preparation का अहम हिस्सा माना जा रहा है।
कांग्रेस का ‘कुनबा बढ़ाओ’ अभियान
कांग्रेस एक बार फिर अपने संगठन विस्तार अभियान को गति देने जा रही है, जिसे अंदरूनी रूप से “Kunba Badhao Campaign” कहा जा रहा है।
सूत्रों के अनुसार:
जून से इस अभियान का दूसरा चरण शुरू हो सकता है
विभिन्न दलों के नेताओं को पार्टी में शामिल करने की योजना
स्थानीय संगठन की राय को प्राथमिकता दी जाएगी
इससे पहले इस अभियान को कुछ विवादों के चलते रोक दिया गया था।
5 नए नाम हाईकमान को भेजे गए
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष Ganesh Godiyal ने बताया कि:
12 नेताओं की पहले से सूची तैयार थी
अब 5 नए नाम हाईकमान को भेजे गए हैं
सभी जॉइनिंग पर संगठन और कार्यकर्ताओं की सहमति जरूरी होगी
यह दिखाता है कि कांग्रेस अब careful political expansion strategy पर काम कर रही है।
संजय नेगी की संभावित एंट्री
पार्टी सूत्रों के अनुसार रामनगर के Sanjay Negi की कांग्रेस में एंट्री दूसरे चरण में संभव है।
हालांकि यह फैसला आंतरिक राजनीतिक समीकरणों और वरिष्ठ नेताओं की सहमति पर निर्भर करेगा।
उत्तराखंड में क्यों बढ़ा सियासी तापमान?
राजनीतिक विशेषज्ञों के अनुसार:
दोनों राष्ट्रीय नेताओं के दौरे चुनावी संकेत हैं
संगठन को मजबूत करने की कोशिश तेज हुई है
राज्य में 2026 चुनाव को लेकर तैयारियां शुरू हो चुकी हैं
BJP और Congress दोनों अपनी जमीनी पकड़ मजबूत करना चाहते हैं
उत्तराखंड में आने वाले हफ्ते high-voltage political activity के गवाह बनने वाले हैं। एक तरफ भाजपा अपने संगठन को मजबूत करने में जुटी है, वहीं कांग्रेस राहुल गांधी के दौरे और नए नेताओं की जॉइनिंग के जरिए अपनी राजनीतिक स्थिति को सुधारने की कोशिश कर रही है।
यह साफ संकेत है कि राज्य में आने वाला समय पूरी तरह election mode politics का होगा।