Cough Syrup Smuggling Case की जांच में जुटी Enforcement Directorate (ED) अब तक यह पता नहीं लगा पाई है कि बर्खास्त सिपाही आलोक ने कोठी निर्माण के लिए करोड़ों रुपये कहां से जुटाए। पूछताछ के दौरान आलोक के परिजन भी इस रकम के स्रोत को लेकर कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सके। ऐसे में ईडी ने मामले की तह तक जाने के लिए Alok और Amit Tata को रिमांड पर लेकर पूछताछ करने की तैयारी तेज कर दी है।
सूत्रों के मुताबिक, ईडी दोनों आरोपियों से उनकी properties, bank accounts, suspicious transactions और बड़े पैमाने पर हुए financial dealings को लेकर आमने-सामने सवाल करेगी। जांच एजेंसी दवा कंपनियों से जुड़े खातों और लेन-देन के दस्तावेज दिखाकर money trail समझने की कोशिश करेगी। इससे पहले STF (Special Task Force) ने ईडी को कई अहम साक्ष्य सौंपे थे, जिनके आधार पर अब जांच आगे बढ़ाई जा रही है।
इस मामले में ईडी ने पहले ही कई अन्य आरोपियों के खिलाफ Prevention of Money Laundering Act (PMLA) के तहत केस दर्ज किया है। फिलहाल आलोक, अमित टाटा और विभोर जेल में बंद हैं। इससे पहले STF भी आलोक और अमित टाटा को रिमांड पर लेकर पूछताछ कर चुकी है, लेकिन उस दौरान कई अहम सवालों के जवाब नहीं मिल सके थे। अब ईडी अगले दो दिनों में दोनों को रिमांड पर लेने के लिए अदालत में अर्जी दाखिल करेगी।
ईडी की पूछताछ में सिर्फ अचल संपत्तियों ही नहीं, बल्कि आरोपियों की luxury cars, foreign travel, खासकर Dubai visit, और अन्य महंगे खर्चों को भी जांच के दायरे में लिया जाएगा। एजेंसी तथ्यों और दस्तावेजी सबूतों के आधार पर यह जानने की कोशिश करेगी कि अवैध कमाई को कहां-कहां और किस तरह खपाया गया।
फरार आरोपियों पर Look Out Notice
इस बीच, Jaunpur–Bhadohi Cough Syrup Case में फरार आरोपियों के खिलाफ भी कार्रवाई तेज कर दी गई है। जौनपुर पुलिस ने सोमवार को कोडीनयुक्त कफ सिरप तस्करी से जुड़े तीन फरार आरोपियों के खिलाफ Look Out Notice (LOC) जारी किया है। औषधि विभाग ने इस मामले में कुल 18 लोगों को आरोपी बनाया है।
जौनपुर के CO City Goldi Gupta के अनुसार, 18 में से 15 आरोपी जिले से ही जुड़े हैं और कोतवाली में मुकदमा दर्ज होने के बाद से फरार चल रहे हैं। जांच में यह सामने आया कि सरायख्वाजा की अनुप्रिया सिंह, ढालगर टोला निवासी अंकित श्रीवास्तव और अरुण प्रकाश मौर्य के पास पासपोर्ट मौजूद हैं। देश से फरार होने की आशंका को देखते हुए तीनों के खिलाफ LOC जारी किया गया।
SIT की कार्रवाई तेज
वहीं, SIT (Special Investigation Team) ने मंगलवार को पांच अन्य आरोपियों के खिलाफ नया मुकदमा दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। जांच में यह भी सामने आया है कि इस घोटाले के कथित mastermind Shubham Jaiswal और उसके पिता भोला जायसवाल की फर्मों के जरिए जौनपुर समेत कई जिलों में भारी मात्रा में codeine-based cough syrup की सप्लाई की गई।
उधर, भदोही जिले में भी तीन फर्मों से जुड़े पांच फरार आरोपियों के खिलाफ Look Out Notice जारी करने की तैयारी चल रही है। जांच एजेंसियों का मानना है कि आने वाले दिनों में इस मामले में कई और बड़े खुलासे हो सकते हैं।