Delhi railway station stampede: Government said – one bag took away 18 lives
15 फरवरी 2025 की रात नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर हुई दर्दनाक भगदड़ में 18 लोगों की जान चली गई थी, जिनमें 4 बच्चे और 11 महिलाएं शामिल थीं। अब Railway Minister Ashwini Vaishnaw ने Parliament में इसका आधिकारिक कारण स्पष्ट किया है – एक यात्री के सिर से गिरा भारी बैग इस भगदड़ की मुख्य वजह बना।
हादसा कैसे हुआ?
रिपोर्ट के मुताबिक, यह हादसा Foot Over Bridge-3 (FOB-3) पर हुआ जो Platform 14 और 15 को जोड़ता है। प्रयागराज की ओर जाने वाली ट्रेनों में चढ़ने के लिए हजारों श्रद्धालु प्लेटफॉर्म की ओर बढ़ रहे थे। रात करीब 9:15 से 9:30 बजे के बीच, एक यात्री के सिर से गिरा heavy luggage अफरा-तफरी का कारण बन गया।
इससे सीढ़ियों पर दबाव बढ़ा, लोग एक-दूसरे पर गिरने लगे और कुछ ही पलों में भगदड़ मच गई। Postmortem Reports में सामने आया कि ज्यादातर लोगों की मौत Traumatic Asphyxia (दम घुटना) से हुई।
क्या थी भीड़ नियंत्रण की स्थिति?
High-Level Enquiry Committee ने जांच में पाया कि हालांकि भीड़ नियंत्रण की कुछ व्यवस्थाएं थीं, लेकिन 8:15 PM के बाद यात्री संख्या अचानक बढ़ गई। बड़ी संख्या में यात्री सिर पर भारी बैग लेकर चल रहे थे, जिससे 25 फीट चौड़े ब्रिज पर आवाजाही बाधित हुई।
रेलवे रिकॉर्ड्स के अनुसार, शाम 6 बजे से लेकर हादसे तक लगभग 7600 Unreserved Tickets बेचे गए थे – यानी लगभग 1500 यात्री प्रति घंटे की दर से।
सरकार के जवाब में क्या कहा गया?
सपा सांसद रामजी लाल सुमन के सवाल के जवाब में रेल मंत्री ने बताया कि यह हादसा Mumbai Elphinstone Stampede (2017) के बाद देश की सबसे गंभीर भगदड़ों में से एक था। अब केंद्र सरकार ने भीड़ प्रबंधन (Crowd Management) को लेकर कई कड़े कदम उठाने की घोषणा की है।
क्या हैं सरकार के नए उपाय?
73 भीड़भाड़ वाले स्टेशनों पर Crowd Control Measures लागू होंगे।
Permanent Holding Areas बनाए जाएंगे जिससे यात्री Platform पर तब तक न जाएं जब तक ट्रेन न आ जाए।
New Delhi, Ghaziabad, Ayodhya, Varanasi और Anand Vihar जैसे प्रमुख स्टेशनों पर Pilot Projects शुरू हो चुके हैं।
Complete Access Control लागू होगा – Confirm Ticket वाले सीधे प्लेटफॉर्म पर, जबकि बिना टिकट या General Ticket वाले नियत क्षेत्र में रुकेंगे।
Illegal Entry Points बंद किए जाएंगे।
Wider Foot Over Bridges बनाए जाएंगे जिससे यात्री आसानी से आ-जा सकें।
एक लापरवाह लोडिंग और भीड़भाड़ ने 18 जिंदगियों को निगल लिया। यह हादसा हमें यह सोचने पर मजबूर करता है कि Railway Infrastructure और Public Crowd Management को अब Smart और सुरक्षित बनाने की कितनी सख्त जरूरत है।