Unsafe Swimming Pools का खौफ: मथुरा के राधाकृष्ण वाटर पार्क में युवक की मौत

उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले में unsafe swimming pools की फिर से एक बड़ी घटना सामने आई है। बिरला मंदिर क्षेत्र स्थित राधाकृष्ण वाटर पार्क के स्वीमिंग पूल में गुरुवार को 30 वर्षीय युवक आकाश (Akash) डूब गया और अस्पताल में उसकी मौत हो गई। यह घटना ऐसे समय में हुई है जब मात्र छह दिन पहले ही क्रीड़ा विभाग (Sports Department) ने जिले के कई अवैध और मानक विहीन स्विमिंग पूल संचालकों को नोटिस जारी किया था।

 हादसे का पूरा मामला

शहर कोतवाली के बहादुरपुरा निवासी आकाश अपने तीन दोस्तों के साथ गर्मी से राहत पाने के लिए बिरला मंदिर स्थित इस वाटर पार्क में गया था। नहाते समय वह अचानक स्वीमिंग पूल में डूब गया। साथ मौजूद अन्य लोग और वाटर पार्क के कर्मचारी उसे तुरंत निकालकर जिला अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

 परिवार में मातम, वैष्णो देवी यात्रा बीच में रुकी

आकाश के चाचा विनोद ने बताया कि पूरा परिवार वैष्णो देवी के दर्शन के लिए गया था, लेकिन जैसे ही उन्हें आकाश की मौत की खबर मिली, वे दर्शन छोड़कर घर लौट आए। विनोद ने बताया कि आकाश ऑटो चालक था और परिवार का सहारा था। उसकी अचानक मौत से परिवार में गहरा शोक है।

Sports Department का नोटिस, फिर भी नहीं सुधरी सुरक्षा

मथुरा के जिला क्रीड़ा अधिकारी राकेश कुमार यादव ने बताया कि 24 मई को जिला स्तर पर कई स्विमिंग पूल का निरीक्षण किया गया था। इसमें राधाकृष्ण वाटर पार्क सहित कई अन्य पूल शामिल थे। निरीक्षण में सुरक्षा व्यवस्था की कमी, पानी की अशुद्धता और विभिन्न विभागों की एनओसी न होने जैसी खामियां मिली थीं, जिसके चलते संचालकों को नोटिस जारी किया गया था।

लेकिन छह दिन बाद ही इस नोटिस की अनदेखी का खामियाजा सामने आया जब आकाश की मौत हो गई।

 परिवार का आरोप: Swimming Pool संचालकों की लापरवाही ने ली जान

आकाश के चाचा ने वाटर पार्क संचालकों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि उस वक्त कोई सुरक्षाकर्मी या लाइफगार्ड नहीं था, जिससे आकाश को बचाया जा सकता था। मृतक के नजदीकी बताते हैं कि चार फीट गहरे पूल में डूबकर मौत होना असंभव है, लेकिन लापरवाही की वजह से यह हादसा हुआ।

साथ ही, CCTV कैमरा गायब होना और संचालक की ओर से यह कहना कि आकाश ने शराब पी रखी थी, परिवार के लिए चिंता का विषय है। वे सवाल उठा रहे हैं कि यदि ऐसा था तो उसे पूल में नहाने की अनुमति क्यों दी गई।

 Unsafe Swimming Pools के खतरे बढ़ते जा रहे हैं

मथुरा में ऐसे कई अवैध और सुरक्षा मानकों से दूर स्विमिंग पूल संचालित हो रहे हैं, जो लोगों की जान के लिए खतरा बने हुए हैं। प्रशासन द्वारा जारी नोटिस के बावजूद सुरक्षा इंतजामों में सुधार न होना गंभीर चिंता का विषय है।