India Strikes Back: ऑपरेशन सिंदूर के बाद पाकिस्तान में मच गई भगदड़, जानिए पूरी Timeline
India-Pakistan Conflict एक बार फिर भड़क गया है। पाकिस्तान द्वारा भारत के कई राज्यों पर किए गए missile और drone attacks का भारतीय सुरक्षा बलों ने मुंहतोड़ जवाब दिया है। इसके बाद भारत की ओर से शुरू हुई जवाबी कार्रवाई ने पाकिस्तान के कई शहरों में हड़कंप मचा दिया है। आइए जानते हैं इस पूरे घटनाक्रम की 10 बड़ी बातें, जो India Defence Strategy और Regional Tension को समझने में मदद करेंगी:
1. पाकिस्तान का उकसावा और भारत की प्रतिक्रिया
गुरुवार रात पाकिस्तान ने Jammu, Pathankot, Jaisalmer समेत कई क्षेत्रों पर missile और drone attacks किए। भारत के Air Defence Systems, विशेषकर S-400 और Akash Missiles, ने इन हमलों को विफल कर दिया।
2. Operation Sindoor के बाद पाकिस्तान की बौखलाहट
‘Operation Sindoor’ में भारत द्वारा की गई सर्जिकल कार्रवाई के बाद बौखलाया पाकिस्तान retaliatory strike की कोशिश कर रहा था, जो नाकाम रही। उसके लड़ाकू विमानों JF-17, F-16 और AWACS को भारतीय वायुसेना ने पाकिस्तान की सीमा में ही मार गिराया।
3. India’s Counterattack on Key Pakistani Cities
जवाबी हमले में भारत ने पाकिस्तान के मुख्य शहरों – Islamabad, Lahore, Karachi, Bahawalpur, Sialkot आदि पर precision missile और drone strikes किए, जिससे भारी तबाही मची।
4. INS Vikrant ने कराची पोर्ट को बनाया टारगेट
Indian Navy के aircraft carrier INS Vikrant ने Karachi और Ormara ports पर हमले किए। Naval Missiles से हुए इस हमले में पाकिस्तान के इन बंदरगाहों में भीषण आग लगी।
5. AWACS Aircraft Down: पाकिस्तान का Surveillance सिस्टम ध्वस्त
भारत ने पाकिस्तान का AWACS (Airborne Warning and Control System) विमान गिरा दिया है। यह विमान दुश्मन के मूवमेंट को ट्रैक कर कमांड सेंटर तक डेटा भेजता है। इसके गिरने से पाकिस्तान की surveillance capabilities को बड़ा झटका लगा है।
6. ब्लैकआउट से देश के कई हिस्से अंधेरे में
भारत के जम्मू-कश्मीर, राजस्थान, पंजाब और गुजरात के सीमावर्ती इलाकों में total blackout कर दिया गया है ताकि सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया जा सके।
-
Jammu-Kashmir: जम्मू, श्रीनगर, अनंतनाग, उधमपुर आदि
-
Rajasthan: बाड़मेर, बीकानेर, श्रीगंगानगर
-
Punjab: अमृतसर, पठानकोट, जालंधर आदि
-
Gujarat: भुज और कच्छ