Haryana Crime: Domestic dispute takes a horrific turn; attempt made to burn wife alive.
Haryana News: हरियाणा के पलवल (Palwal) जिले की कालड़ा कॉलोनी से घरेलू हिंसा की एक बेहद दर्दनाक घटना सामने आई है। घर के खर्च को लेकर हुए विवाद के बाद एक व्यक्ति पर अपनी पत्नी पर पेट्रोल छिड़ककर आग लगाने का आरोप है। महिला गंभीर रूप से झुलस गई, जबकि उसे बचाने पहुंचे 19 वर्षीय बेटे के हाथ भी जल गए। पुलिस ने पीड़िता के बयान के आधार पर आरोपी पति को गिरफ्तार कर लिया है।
घर के खर्च को लेकर हुआ विवाद
पुलिस के अनुसार, 42 वर्षीय ममता ने बयान में बताया कि उसके पति अनिल का होटल का कारोबार है। घर के खर्च और अन्य घरेलू मुद्दों को लेकर दोनों के बीच अक्सर विवाद होता था।
बताया गया कि रविवार शाम आरोपी शराब के नशे में घर लौटा, जिसके बाद दोनों के बीच कहासुनी हुई। विवाद बढ़ने पर आरोपी ने स्वयं Dial-112 पर फोन कर पुलिस बुला ली। मौके पर पहुंची पुलिस ने दोनों पक्षों को समझाकर मामला शांत करा दिया।
देर रात रसोई में हुआ हमला
पीड़िता के अनुसार, रात करीब 2:30 बजे वह रसोई में पानी पीने गई थी। इसी दौरान आरोपी पीछे से आया और कथित तौर पर उस पर पेट्रोल छिड़ककर आग लगा दी।
महिला की चीख सुनकर उसका 19 वर्षीय बेटा अंश मौके पर पहुंचा और आग बुझाने की कोशिश की। इस दौरान उसके हाथ भी झुलस गए।
60 प्रतिशत तक झुलसी महिला
परिजन तुरंत घायल महिला को जिला नागरिक अस्पताल लेकर पहुंचे। प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल रेफर कर दिया।
मेडिकल जानकारी के अनुसार, महिला करीब 60 प्रतिशत तक झुलस गई है और उसका इलाज जारी है।
हत्या के प्रयास का केस दर्ज, आरोपी गिरफ्तार
हथीन गेट चौकी प्रभारी शेर सिंह ने बताया कि अस्पताल में उपचार के दौरान महिला के बयान दर्ज किए गए। इसके आधार पर आरोपी पति के खिलाफ हत्या के प्रयास (Attempt to Murder) सहित अन्य संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया गया।
पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। मामले की जांच जारी है।
विशेषज्ञ बोले- हिंसा किसी समस्या का समाधान नहीं
मनोचिकित्सक डॉ. धर्मवीर नेहरा के अनुसार, पति-पत्नी का रिश्ता विश्वास, सम्मान और संवाद पर आधारित होता है। आर्थिक तनाव, गुस्से पर नियंत्रण की कमी और आपसी मतभेद कई बार रिश्तों में तनाव बढ़ा सकते हैं, लेकिन किसी भी परिस्थिति में हिंसा समाधान नहीं हो सकती। उन्होंने ऐसे मामलों में समय रहते संवाद और मानसिक स्वास्थ्य सहायता लेने की आवश्यकता पर जोर दिया।