Uttarakhand Politics: राहुल गांधी के दौरे पर सीएम धामी का बड़ा बयान वायरल

उत्तराखंड की राजनीति में राहुल गांधी के प्रस्तावित दौरे को लेकर नया विवाद खड़ा हो गया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि उन्होंने कुछ चुनिंदा मामलों को प्राथमिकता दी, जबकि दिल्ली दंगों में जान गंवाने वाले उत्तराखंड के युवक दिलबर नेगी के परिवार की कभी सुध नहीं ली।

हेलिकॉप्टर विवाद पर कांग्रेस और बीजेपी आमने-सामने

राहुल गांधी का हालिया उत्तराखंड दौरा अंतिम समय में रद्द हो गया था। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि उनके हेलिकॉप्टर को अल्मोड़ा और पौड़ी जाने की अनुमति नहीं मिली। पार्टी नेताओं ने इसे राजनीतिक बाधा बताया।

हालांकि मुख्यमंत्री धामी ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि हेलिकॉप्टर और उसके संचालन की जिम्मेदारी राहुल गांधी की टीम की थी। उन्होंने कहा कि यदि मौसम खराब था और वे पहाड़ी क्षेत्रों में नहीं जा सके, तो कम से कम देहरादून आ सकते थे, जहां मौसम सामान्य था।

मोहम्मद दीपक और दिलबर नेगी को लेकर बयान

सीएम धामी ने कहा कि राहुल गांधी ने कोटद्वार के मोहम्मद दीपक से मुलाकात कर उनके प्रति विशेष रुचि दिखाई, लेकिन दिल्ली दंगों में मारे गए पौड़ी निवासी दिलबर नेगी के परिवार से कभी संपर्क नहीं किया।

धामी के अनुसार, दोनों परिवार एक ही जिले से जुड़े हैं, लेकिन कांग्रेस नेतृत्व ने दिलबर नेगी के मामले में संवेदना व्यक्त करने या परिवार से मिलने की जरूरत नहीं समझी।

कौन थे दिलबर नेगी?

दिलबर सिंह नेगी उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल जिले के रहने वाले थे। वर्ष 2020 में दिल्ली दंगों के दौरान उनकी मौत हो गई थी। वह दिल्ली के शिव विहार क्षेत्र में एक मिठाई की दुकान में काम करते थे।

दंगों के दौरान जिस इमारत में वे मौजूद थे, उसमें आग लगा दी गई थी। बाद में उनका शव बरामद हुआ। इस घटना ने पूरे उत्तराखंड को झकझोर दिया था और लंबे समय तक यह मामला चर्चा में रहा।

उत्तराखंड की राजनीति में बढ़ी बयानबाजी

राहुल गांधी के रद्द हुए दौरे और सीएम धामी के बयान के बाद राज्य की राजनीति फिर गर्मा गई है। बीजेपी और कांग्रेस दोनों एक-दूसरे पर राजनीतिक लाभ लेने के आरोप लगा रहे हैं। आने वाले समय में यह मुद्दा राज्य की सियासत में और अधिक चर्चा का विषय बन सकता है।