‘Gen-Z’ को CM धामी क्यों कहते हैं ‘In-G’? छात्रों के बीच बताई वजह

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को देहरादून में छात्रों के साथ सीधा संवाद किया। ‘मुख्यमंत्री युवा विद्यार्थी मंथन-2026’ कार्यक्रम में उन्होंने आज की युवा पीढ़ी को ‘Gen-Z’ कहने के बजाय एक नया नाम दिया। धामी ने कहा कि वह Gen-Z को ‘In-G’ यानी Indian Generation कहते हैं। मुख्यमंत्री ने इसके पीछे की वजह बताते हुए कहा कि आज के युवाओं की सोच और उनके विचारों में देश के भविष्य को लेकर बड़ी संभावनाएं दिखाई देती हैं।

छात्रों के विचारों से प्रभावित हुए सीएम धामी

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने अलग-अलग स्कूलों से आए चयनित 140 छात्र-छात्राओं और शिक्षकों से बातचीत की। उन्होंने विद्यार्थियों के सुझावों और उत्तराखंड के भविष्य को लेकर उनके विजन की तारीफ की। धामी ने कहा कि कम उम्र के ये छात्र पर्यटन, पर्यावरण, आपदा प्रबंधन, स्थानीय योजना और पलायन जैसे गंभीर विषयों पर जिस तरह सोच रहे हैं, वह ध्यान देने वाली बात है। उन्होंने यह भी कहा कि विद्यार्थियों को देश-दुनिया में होने वाली घटनाओं की जानकारी है और उनकी सोच राज्य के साथ-साथ देश के भविष्य के लिए भी महत्वपूर्ण हो सकती है।

‘Knowledge Bank’ के सुझाव को बताया उपयोगी

मुख्यमंत्री ने बताया कि विद्यार्थियों की ओर से कई अलग-अलग सुझाव सामने आए हैं। इनमें Knowledge Bank बनाने का सुझाव भी शामिल है। धामी ने कहा कि उन्हें यह विचार अच्छा लगा और सरकार कोशिश करेगी कि छात्रों के उपयोगी सुझावों को नीतियों में जहां संभव हो, शामिल किया जाए। उन्होंने कहा कि सभी विद्यार्थियों के विचार बेहतर थे, इसलिए उनमें से कुछ का चयन करना आसान नहीं रहा होगा।

‘मेरे सपनों का उत्तराखंड’ अभियान में मिले 2.67 लाख विचार

दरअसल, ‘मुख्यमंत्री युवा विद्यार्थी मंथन’ अभियान के तहत ‘कैसा हो मेरे सपनों का उत्तराखंड’ विषय पर प्रदेशभर के विद्यार्थियों से सुझाव मांगे गए थे। ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से छात्रों ने उत्तराखंड के भविष्य को लेकर अपने विचार साझा किए। अभियान के दौरान कुल 2,67,744 विचार और सुझाव प्राप्त हुए। इन्हीं में से बेहतर सुझाव देने वाले विद्यार्थियों को कार्यक्रम के लिए चुना गया।

करीब तीन लाख छात्रों को अभियान से जोड़ा गया

मुख्यमंत्री के निर्देश पर शुरू किए गए इस अभियान में राज्य के लगभग तीन लाख कक्षा 11वीं और 12वीं के विद्यार्थियों को शामिल किया गया। अभियान के अंतिम चरण में चयनित छात्रों को मुख्यमंत्री के साथ सीधे बातचीत करने का अवसर मिला। इस दौरान विद्यार्थियों ने प्रदेश के विकास, शिक्षा और भविष्य से जुड़े विषयों पर अपने विचार रखे।

बेहतर सुझाव देने वाले छात्रों को मिलेगी Scholarship

अभियान में उत्कृष्ट सुझाव देने वाले विद्यार्थियों के लिए सरकार की ओर से 2 लाख रुपये तक की Scholarship का प्रावधान भी किया गया है। यह आर्थिक सहायता 12वीं कक्षा के बाद छात्रों को Career Preparation और Coaching में मदद के लिए दी जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि युवाओं की नई सोच, बड़े लक्ष्य और आत्मविश्वास विकसित उत्तराखंड की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।