Agniveers के लिए उत्तराखंड सरकार का बड़ा तोहफा सरकारी नौकरी में मिलेगा 10% आरक्षण!

उत्तराखंड सरकार ने Agnipath Scheme के तहत देश सेवा कर लौटने वाले Agniveers के लिए एक महत्वपूर्ण निर्णय लेने की तैयारी कर ली है। जल्द ही राज्य कैबिनेट के समक्ष एक प्रस्ताव लाया जाएगा, जिसके तहत अग्निवीरों को पुलिस, वन, परिवहन और अन्य सरकारी विभागों में 10 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण (horizontal reservation) दिया जाएगा।

इस कदम को उत्तराखंड सरकार के sainik kalyan (सैनिक कल्याण) के दृष्टिकोण से एक ऐतिहासिक पहल माना जा रहा है।

 Shaurya Sthal होगा बलिदानियों की स्मृति का प्रतीक

प्रदेश सरकार Shaurya Sthal (Military Memorial) के निर्माण में भी तेजी ला रही है, जो अब अंतिम चरण में पहुंच चुका है। यह Shaurya Dham उत्तराखंड के 28 पवित्र नदियों के जल और बलिदानी सैनिकों के घरों से लाई गई मिट्टी से तैयार किया जा रहा है। इसका उद्देश्य देश के लिए बलिदान देने वाले वीरों की यादों को जीवंत रखना है।

वीरता पुरस्कार विजेताओं के लिए बढ़ी सम्मान राशि

मुख्यमंत्री Pushkar Singh Dhami के नेतृत्व में सरकार ने बीते चार वर्षों में soldiers, ex-servicemen और martyrs’ families के कल्याण के लिए कई ऐतिहासिक फैसले लिए हैं। इनमें सबसे उल्लेखनीय निर्णय यह है:

Martyrs के परिजनों को दी जाने वाली अनुग्रह राशि को ₹10 लाख से बढ़ाकर ₹50 लाख कर दिया गया है।

Param Vir Chakra जैसे वीरता पुरस्कार विजेताओं को अब ₹1.5 करोड़ की एकमुश्त राशि दी जाएगी, जो पहले ₹50 लाख थी।

अन्य gallantry award winners के लिए भी एकमुश्त राशि में वृद्धि की गई है।

 रोजगार और सम्मान – दोनों का संतुलन

राज्य सरकार का उद्देश्य Agniveers को सिर्फ सम्मान देना ही नहीं बल्कि उन्हें सशक्त बनाना भी है, ताकि वे देश सेवा के बाद राज्य की सेवा कर सकें। यह प्रस्ताव अग्निवीरों के भविष्य को सुरक्षित और सम्मानजनक बनाने की दिशा में एक बड़ी पहल है।