SIR Digitalization Slowdown: Poorest performance in Nainital district; progress extremely slow across all four assembly constituencies.
उत्तराखंड में चल रहे Special Intensive Revision (SIR) Campaign के तहत गणना-प्रपत्रों के digitalization work की धीमी प्रगति ने निर्वाचन विभाग की चिंता बढ़ा दी है। हालात यह हैं कि Nainital district की चारों विधानसभा सीटें प्रदेश में सबसे पीछे चल रही हैं।
इस स्थिति को देखते हुए निर्वाचन विभाग ने अब सख्त रुख अपनाया है।
हल्द्वानी में हुई समीक्षा बैठक, सामने आई धीमी प्रगति
अपर मुख्य निर्वाचन अधिकारी Vijay Kumar Jogdande ने शनिवार को हल्द्वानी स्थित सर्किट हाउस में अभियान की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की।
बैठक में सामने आया कि नैनीताल जिले की चारों विधानसभा सीटों में SIR digitalization progress बेहद धीमी है और तय लक्ष्य से काफी पीछे चल रही है।
विधानसभा क्षेत्रों की प्रगति (Digitalization Progress Report)
Kaladhungi Assembly: लगभग 12% कार्य पूरा
Bhimtal Assembly: करीब 14% प्रगति
Haldwani Assembly: लगभग 14.67% कार्य पूर्ण
Nainital Assembly: करीब 16.75% डिजिटलाइजेशन
इन आंकड़ों के आधार पर स्पष्ट है कि जिले के सभी प्रमुख विधानसभा क्षेत्र state average performance से काफी पीछे हैं।
अधिकारियों पर नाराजगी, दिए गए सख्त निर्देश
धीमी प्रगति पर अपर मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि अभियान में तत्काल तेजी लाई जाए।
उन्होंने कहा कि आगामी 36 days timeline के भीतर कार्य की गति में स्पष्ट सुधार दिखाई देना चाहिए और निर्धारित लक्ष्य को हर हाल में पूरा किया जाना जरूरी है।
SIR Campaign क्यों है महत्वपूर्ण?
अधिकारियों ने बैठक में दोहराया कि Special Intensive Revision (SIR) निर्वाचन प्रक्रिया का एक अत्यंत महत्वपूर्ण चरण है। इसका सीधा संबंध मतदाता सूची की शुद्धता और आगामी चुनावों की पारदर्शिता से है।
इसलिए किसी भी स्तर पर लापरवाही या धीमी प्रगति को स्वीकार नहीं किया जाएगा।
निर्वाचन विभाग ने सभी संबंधित कर्मचारियों और अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि digital voter data work को समयबद्ध और गुणवत्ता के साथ पूरा किया जाए।