Dehradun News: Political uproar over VIP controversy in Ankita murder case, Minister Subodh Uniyal makes a big statement.
उत्तराखंड के बहुचर्चित Ankita Bhandari Murder Case ने एक बार फिर सियासी और सामाजिक हलकों में हलचल मचा दी है। तीन साल पुराने इस मामले को लेकर एक viral video सामने आने के बाद देहरादून से लेकर दिल्ली तक बयानबाज़ी तेज हो गई है।
इसी क्रम में राज्य मंत्री सुबोध उनियाल (Subodh Uniyal) ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर साफ कहा कि “अगर किसी के पास ठोस सबूत हैं तो सामने लाए, सरकार हर तरह की जांच के लिए तैयार है।”
Viral Video से फिर गरमाया मामला
दरअसल, विवाद की शुरुआत भाजपा से निष्कासित पूर्व विधायक सुरेश राठौर की कथित पत्नी द्वारा सोशल मीडिया पर जारी एक वीडियो से हुई।
इस Facebook Live Video में महिला ने अंकिता भंडारी हत्याकांड से जुड़े एक कथित VIP ‘गट्टू’ का जिक्र किया और उसे भाजपा का बड़ा नेता बताया।
वीडियो में यह भी कहा गया कि हत्या के दिन रिजॉर्ट में मौजूद इस वीआईपी की भूमिका संदिग्ध थी। साथ ही एक audio clip का उल्लेख किया गया, जिसमें पूर्व जिला पंचायत सदस्य के पास पूरी जानकारी होने की बात कही गई।
इसके बाद से ही मामला फिर breaking news बन गया।
Congress का आरोप: CBI जांच की मांग
वीडियो वायरल होने के बाद Congress Party ने सरकार पर गंभीर आरोप लगाए।
उत्तराखंड कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने दिल्ली में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर वीडियो दिखाया और आरोप लगाया कि सरकार जानबूझकर वीआईपी का नाम छुपा रही है।
कांग्रेस ने मांग की कि पूरे मामले की CBI inquiry under Supreme Court judge की निगरानी में जांच कराई जाए।
साथ ही चेतावनी दी गई कि यदि 10 दिनों के भीतर CBI जांच की सिफारिश नहीं हुई, तो प्रदेशभर में आंदोलन किया जाएगा।
BJP का पलटवार: ‘VIP कौन है, कांग्रेस खुद बताए’
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने कांग्रेस पर cheap politics करने का आरोप लगाया।
उन्होंने कहा कि चुनाव से पहले कांग्रेस वीआईपी का मुद्दा उछालकर अपनी नाकामियों से ध्यान भटकाना चाहती है।
भट्ट ने सवाल उठाया कि अगर कांग्रेस को वीआईपी की जानकारी है तो उसका नाम सार्वजनिक क्यों नहीं करती।
उन्होंने यह भी कहा कि उस समय तत्कालीन DGP ने सार्वजनिक रूप से अपील की थी कि अगर किसी को वीआईपी के बारे में जानकारी है तो सामने आए, लेकिन तब भी कोई आगे नहीं आया।
भाजपा का कहना है कि अपुष्ट और edited viral videos के जरिए अंकिता के नाम पर राजनीति करना निंदनीय है।
मंत्री सुबोध उनियाल का बयान
मंत्री सुबोध उनियाल ने कहा कि —
“सरकार ने इस मामले में पहले ही सख्त कार्रवाई की है। दोषियों को उम्रकैद की सजा हो चुकी है। अगर किसी के पास नए तथ्य या पुख्ता सबूत हैं तो उन्हें जांच एजेंसियों को सौंपा जाए। सरकार किसी भी जांच से पीछे नहीं हटेगी।”
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि law and order और पीड़िता को न्याय दिलाना सरकार की प्राथमिकता रही है।
Ankita Bhandari Murder Case: पूरा घटनाक्रम
18 सितंबर 2022 को वनंत्रा रिजॉर्ट में रिसेप्शनिस्ट अंकिता भंडारी की हत्या
शव को चीला शक्ति नहर में फेंका गया
एक हफ्ते बाद नहर से शव बरामद
SIT investigation के बाद करीब 500 पेज की chargesheet दाखिल
अभियोजन पक्ष के 97 गवाह, 47 की गवाही दर्ज
दोषियों पर लगे आरोप
मुख्य आरोपी पुलकित आर्य पर
IPC 302 (हत्या)
IPC 201 (सबूत मिटाना)
IPC 354(A) (छेड़छाड़)
Immoral Traffic Act
अन्य आरोपी सौरभ भास्कर और अंकित गुप्ता को भी हत्या और साक्ष्य मिटाने के आरोप में life imprisonment की सजा दी गई।
VIP Mystery अब भी बरकरार
हत्या के दिन अंकिता ने अपने मित्र पुष्पदीप को बताया था कि उस पर एक बड़े VIP guest को “extra service” देने का दबाव बनाया जा रहा है।
हालांकि, उस वीआईपी की पहचान आज तक सार्वजनिक नहीं हो सकी है। यही वजह है कि Ankita Case VIP Angle अब भी सवालों के घेरे में है।
अंकिता भंडारी हत्याकांड में दोषियों को सजा मिल चुकी है, लेकिन VIP angle controversy एक बार फिर राजनीति और जांच की मांग को हवा दे रहा है।
सरकार, विपक्ष और जनता—तीनों की नजरें अब इस पर टिकी हैं कि क्या इस बार यह राज खुलेगा या मामला फिर सियासी आरोप-प्रत्यारोप में उलझकर रह जाएगा।