Rudraprayag Cloudburst Tragedy: नेपाल मूल के मजदूरों समेत सात शव बरामद, दो अब भी लापता

Uttarakhand Flash Flood News: रुद्रप्रयाग जिले के छेनागाड (Chhenagad) क्षेत्र में अगस्त में हुए भीषण cloudburst in Uttarakhand के बाद से लापता नौ लोगों में से अब तक सात के शव बरामद कर लिए गए हैं।
शनिवार को मलबा और boulders removal operation के दौरान SDRF और Police teams को पांच शव और एक पैर मिला है। वहीं, शुक्रवार को भी एक शव और एक पैर बरामद हुआ था।

अब तक केवल एक शव की पहचान हो पाई है, जबकि बाकी शवों की identity verification process जारी है।

Cloudburst से मची थी भारी तबाही

28 और 29 अगस्त की रात Chhenagad area Rudraprayag में बादल फटने (cloudburst incident) से भारी तबाही मच गई थी।
इस प्राकृतिक आपदा (natural disaster in Uttarakhand) में कुल नौ लोग लापता हुए थे, जिनमें चार Nepal-origin workers भी शामिल थे।

घटना के बाद से ही district administration, SDRF, और DDRF teams ने मिलकर लगातार search and rescue operations चलाए।
कई दिनों के प्रयासों के बाद सात शव बरामद हो चुके हैं, जबकि दो लोग अब भी लापता हैं।

मलबे से मिली बदबू, क्षतिग्रस्त मकान में मिले शव

शनिवार को Public Works Department (PWD) के कर्मचारियों और मजदूरों द्वारा सड़क से मलबा और बोल्डर हटाने का काम चल रहा था।
इसी दौरान police rescue team ने तलाशी शुरू की तो एक क्षतिग्रस्त मकान से बदबू आने लगी।
मकान की सरिया हटाने पर पुलिस ने मकान के अंदर और बाहर से पांच शव और एक पैर बरामद किया।

शवों की पहचान अब तक नहीं हो पाई है, लेकिन forensic verification और DNA testing के लिए सैंपल लिए जा रहे हैं।

Nepal Workers के फोन और रुपये भी मिले

Guptkashi Police Station Incharge Ranjeet Khaneda ने बताया कि मलबे से दो mobile phones और एक purse भी मिला है, जिसमें Nepali currency रखी थी।
उन्होंने कहा कि अब तक कुल सात शव और दो पैर बरामद किए गए हैं — जिनमें से एक व्यक्ति की पहचान हो चुकी है।
बाकी दो missing persons की तलाश अभी जारी है।

Rudraprayag Flash Flood: Relief & Rescue Operation जारी

प्रशासन की टीम लगातार इलाके में rescue and recovery operation चला रही है।
SDRF की मदद से debris clearance, body recovery, और drone surveillance के जरिए इलाके में तलाशी जारी है।
अधिकारियों के अनुसार, लापता व्यक्तियों के परिवारों को जल्द ही जानकारी दी जाएगी और compensation process शुरू की जाएगी।