पाक एजेंट शहजाद की कुंडली खुली – पैसा, सिमकार्ड और गोपनीय सूचनाएं ISI को लीक?
उत्तर प्रदेश एटीएस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए रामपुर के टांडा निवासी शहजाद को पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी ISI के लिए जासूसी के आरोप में गिरफ्तार किया है।
हालांकि उसके परिजन इस गिरफ्तारी को बेबुनियाद बता रहे हैं, लेकिन ATS ने लंबी निगरानी और पुख्ता सबूतों के बाद इस गिरफ्तारी को अंजाम दिया।
3 बार पाकिस्तान, 10 बार सऊदी – इतनी विदेश यात्रा का खर्च कौन उठाता है?
एजेंसियों के मुताबिक शहजाद ने अब तक 13 बार विदेश यात्रा की, जिनमें 10 बार वह सऊदी अरब और 3 बार पाकिस्तान गया।
एक सामान्य परिवार का सदस्य इतनी यात्राएं कैसे कर सकता है, यह सवाल खुद जांच एजेंसियों के लिए भी महत्वपूर्ण है।
“इतनी बार विदेश जाने के पीछे सिर्फ रिश्तेदारी नहीं, कुछ और बड़ा है,” – खुफिया सूत्र।
ISI के लिए सिमकार्ड, पैसे और जासूसी – ATS को मिले Concrete Proof
ATS के अनुसार, शहजाद ISI के नेटवर्क का हिस्सा था। वो:
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भारत में ISI एजेंट्स को पैसे पहुंचाता था
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उन्हें सिमकार्ड मुहैया कराता था
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भारत की सुरक्षा से जुड़ी गोपनीय जानकारियां साझा करता था
इसके अलावा वह तस्करी के बहाने भारत से लोगों को ISI के संपर्क में लाकर पाकिस्तान भेजता था, जिनके वीज़ा आदि का इंतज़ाम पाक एजेंट करते थे।
Ramzan में छापेमारी, सुरक्षा एजेंसियों का सतर्क तंत्र सक्रिय
ATS ने शहजाद को रविवार को गिरफ्तार कर लखनऊ भेज दिया। इससे पहले चार दिन पहले भी पूछताछ के लिए उसे उठाया गया था, लेकिन तब छोड़ दिया गया था।
अब जब ATS को पक्के सबूत मिले, तब उसे दोबारा गिरफ्तार किया गया।
शहजाद की कुंडली खंगाल रही ATS, संपर्कों की गहराई से जांच
सुरक्षा एजेंसियां अब ये पता लगाने में जुटी हैं कि:
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शहजाद किन-किन लोगों के संपर्क में था?
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किन लोगों को ISI एजेंट्स से मिलवाया गया?
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किन्हें पैसे और सिमकार्ड बांटे गए?