Domestic LPG Misuse: देहरादून में घरों को नहीं मिल रही गैस, दुकानों में हो रहा वाणिज्यिक उपयोग

Dehradun LPG Crisis: उत्तराखंड की राजधानी Dehradun में इन दिनों LPG gas shortage की स्थिति बनी हुई है। एक ओर हजारों परिवार घरेलू गैस सिलेंडर का इंतजार कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर शहर के कई ढाबों, फास्ट-फूड स्टॉल और रेहड़ियों पर domestic LPG cylinder का commercial use खुलेआम देखा जा रहा है।

स्थानीय प्रशासन की कार्रवाई के बावजूद यह अवैध इस्तेमाल पूरी तरह रुक नहीं पाया है।

67 हजार घरों में LPG सिलेंडर का इंतजार

शहर में गैस आपूर्ति की स्थिति ऐसी है कि शनिवार तक 67 हजार से अधिक परिवारों को LPG सिलेंडर मिलने का इंतजार करना पड़ा।

घरेलू उपभोक्ताओं को समय पर सिलेंडर नहीं मिल पा रहा, जिससे kitchen gas supply प्रभावित हो रही है।

फास्ट फूड स्टॉल और ढाबों में घरेलू सिलेंडर का इस्तेमाल

शहर के कई इलाकों—जैसे पटेलनगर से कारगी चौक तक—की पड़ताल में सामने आया कि कई street food vendors और fast food stalls पर घरेलू सिलेंडर का उपयोग किया जा रहा था।

कई दुकानदार सिलेंडर को

कपड़े से ढककर

बोरे में छिपाकर

इस्तेमाल करते हुए पाए गए, ताकि जांच के दौरान यह नजर न आए।

वाणिज्यिक सिलेंडर महंगा होने से बढ़ा अवैध इस्तेमाल

दरअसल commercial LPG cylinders की कीमत घरेलू सिलेंडरों की तुलना में ज्यादा होती है। इसी वजह से कुछ व्यापारी खर्च बचाने के लिए घरेलू गैस का ही उपयोग अपने व्यवसाय में कर रहे हैं।

हालांकि नियमों के अनुसार domestic LPG का commercial use पूरी तरह अवैध है।

आपूर्ति पर रोक के बाद बढ़ी समस्या

अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों—खासकर US-Israel-Iran geopolitical tension—के कारण गैस आपूर्ति प्रभावित होने की बात कही जा रही है। इसके चलते प्रशासन ने कुछ क्षेत्रों में commercial LPG supply पर प्रतिबंध लगाया है।

इस प्रतिबंध के तहत केवल educational institutions और health institutions को ही वाणिज्यिक गैस उपलब्ध कराई जा रही है। बाकी व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के लिए आपूर्ति सीमित कर दी गई है।

गैस खत्म होने से बंद रखने पड़े कई प्रतिष्ठान

शहर के लालपुल-कारगी मार्ग स्थित वेंडिंग जोन में कई छोटे दुकानदारों को गैस संकट का सीधा असर झेलना पड़ा।

एक फास्ट-फूड विक्रेता के अनुसार शुक्रवार को उनका commercial LPG cylinder खत्म हो गया, लेकिन नया सिलेंडर नहीं मिलने के कारण उन्हें शनिवार को अपनी दुकान बंद रखनी पड़ी। इसी इलाके में कई अन्य रेहड़ी-पटरी दुकानदारों ने भी गैस की कमी के कारण अपना काम बंद रखा।

प्रशासन की कार्रवाई जारी

जिला प्रशासन की ओर से लगातार शहर में inspection drive चलाया जा रहा है।

जिला पूर्ति अधिकारी KK Agarwal के अनुसार घरेलू गैस का व्यावसायिक उपयोग पूरी तरह अवैध है। निरीक्षण के दौरान जहां-जहां ऐसा पाया गया, वहां सिलेंडर जब्त किए गए हैं और आगे भी कार्रवाई जारी रहेगी।

प्रशासन का कहना है कि LPG supply system को संतुलित रखने और घरेलू उपभोक्ताओं को राहत देने के लिए यह अभियान जारी रहेगा।