कुमाऊं की अनोखी पहल: कैसे दो शब्द रिश्तों को बचा रहे हैं?
पति-पत्नी के रिश्तों को बचाने का नया तरीका: सॉरी और थैंक यू का जादू
“How to save a marriage with simple words” जैसे सवाल का जवाब शायद आपको यहां मिल जाए। कुमाऊं में महिला हेल्पलाइन ने पति-पत्नी के विवादों को सुलझाने के लिए एक अनोखा तरीका अपनाया है। अब विवादों को खत्म करने के लिए दंपति को सिर्फ ‘Sorry’ और ‘Thank You’ कहने की सलाह दी जा रही है।
हर दिन 90 से अधिक दंपति थानों का कर रहे हैं रुख
“Relationship counseling in Uttarakhand” की बढ़ती ज़रूरत को देखते हुए कुमाऊं के 6 महिला थानों में रोज़ाना 90 से अधिक पति-पत्नी अपने आपसी विवादों के समाधान के लिए पहुंचते हैं। झगड़ों का मुख्य कारण अक्सर मोबाइल फोन, रील्स, बच्चों की परवरिश और घरेलू जिम्मेदारियों को लेकर होता है। महिला हेल्पलाइन ने इन समस्याओं के समाधान के लिए एक सरल लेकिन प्रभावी तरीका अपनाया है।
20 मिनट की काउंसलिंग और रिश्ते में मिठास
“Effective marriage counseling tips” की बात करें तो कुमाऊं की महिला हेल्पलाइन का यह प्रयोग चर्चा का विषय बना हुआ है। यहाँ 20 मिनट की काउंसलिंग में दंपति को सिखाया जाता है कि ‘Sorry’ और ‘Thank You’ जैसे सरल शब्दों का रिश्ता मजबूत करने में कितना बड़ा योगदान है। काउंसलिंग के दौरान बताया जाता है कि रिश्ते में सम्मान और आभार व्यक्त करने से गिले-शिकवे दूर होते हैं और परिवार टूटने से बचता है।
हल्द्वानी में 3 साल में 3,000 से अधिक मामले
“Marital disputes in Haldwani” लगातार बढ़ रहे हैं। हल्द्वानी महिला हेल्पलाइन की प्रभारी एसआई सुनीता कुंवर ने बताया कि पिछले तीन साल में 3,235 मामले सामने आए, जिनमें 80% मामलों में समझौता कराया गया। इस पहल ने कई परिवारों को टूटने से बचाया है।
फोन बना सबसे बड़ा विवाद का कारण
“Mobile phones ruining relationships” एक चिंता का विषय बन चुका है। पति-पत्नी के बीच लड़ाई का सबसे बड़ा कारण मोबाइल फोन है—रील्स बनाने, सोशल मीडिया पर समय बिताने और बच्चों के लगातार फोन में व्यस्त रहने से झगड़े बढ़ रहे हैं। ऐसे में ‘Digital detox for better relationships’ की सलाह दी जा रही है।