Pakistan Zindabad” के नारे लगाने वाले जावेद की करणी सेना ने की धुनाई, अब पुलिस के शिकंजे में

मध्य प्रदेश के इंदौर से एक चौंकाने वाला वीडियो सामने आया है, जिसने सोशल मीडिया पर बवाल मचा दिया है। Metro Project में काम करने वाले एक युवक का वीडियो वायरल हुआ, जिसमें वह “Pakistan Zindabad” के नारे लगाते हुए, भारत के खिलाफ और प्रधानमंत्री पर आपत्तिजनक टिप्पणी करते नजर आ रहा है।

करणी सेना ने की कार्रवाई

वीडियो वायरल होने के तुरंत बाद श्री राजपूत करणी सेना ने सख्त एक्शन लिया।
प्रदेश संगठन मंत्री दिग्विजय सिंह सोलंकी के नेतृत्व में कार्यकर्ता गांधी नगर पहुंचे और आरोपी युवक मोहम्मद जावेद पिता किताब अंसारी को पकड़ लिया।

करनी सेना के कार्यकर्ताओं ने जावेद की मौके पर पिटाई की और उसे पुलिस के हवाले कर दिया।

संगठन का कहना है कि ऐसे राष्ट्रविरोधी तत्वों को बिल्कुल भी बख्शा नहीं जाना चाहिए और इनके खिलाफ देशद्रोह जैसी कड़ी धाराएं लगाई जानी चाहिए।

पुलिस की छानबीन में चौंकाने वाले खुलासे

जब पुलिस ने आरोपी के घर की तलाशी ली, तो वहां से गांजे की पुड़िया भी बरामद हुई।
फिलहाल जावेद पुलिस की हिरासत में है और वीडियो की फॉरेंसिक जांच, उसके साथियों की पहचान और अन्य डिजिटल सबूत जुटाने का काम जारी है।

गांधी नगर थाना प्रभारी (TI) अनिल यादव के अनुसार,

“आरोपी के खिलाफ गंभीर धाराओं में केस दर्ज कर लिया गया है और वीडियो में दिख रहे अन्य युवकों की तलाश की जा रही है।”

करणी सेना का सख्त संदेश

करणी सेना के अनुसार,

“जो भी देश के खिलाफ नारेबाजी करता है, उसका समाज में कोई स्थान नहीं है।
ऐसे लोगों को सार्वजनिक प्रोजेक्ट्स में काम करने की अनुमति देना, सीधे-सीधे राष्ट्रीय सुरक्षा से खिलवाड़ है।”

सेना ने प्रशासन से मांग की है कि

  • Metro Project जैसे प्रोजेक्ट्स में पृष्ठभूमि सत्यापन के बाद ही लोगों को भर्ती किया जाए।

  • ऐसे मामलों में Fast Track कोर्ट के जरिए सख्त सजा दी जाए।

इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि सरकारी और सार्वजनिक प्रोजेक्ट्स में काम करने वाले लोगों की जांच कितनी मजबूत है?
और सबसे जरूरी – क्या सोशल मीडिया पर वायरल होती ऐसी घटनाएं देश की आंतरिक सुरक्षा के लिए खतरे का संकेत नहीं हैं?