बिना मान्यता के चल रहा था देहरादून का स्कूल, प्रशासन ने ठोका भारी जुर्माना

देहरादून के एक प्रतिष्ठित निजी स्कूल पर बिना मान्यता के संचालन और पेरेंट्स से मनमानी फीस वसूली करने के आरोप में ₹5.2 लाख का जुर्माना ठोका गया है। मामला सामने आते ही शहर के अन्य निजी स्कूलों में भी हड़कंप मच गया है। यह कार्रवाई CM Pushkar Singh Dhami के निर्देश पर जिला प्रशासन द्वारा की गई है।

The Presidency International School बना विवाद का केंद्र

शिकायतें भानियावाला स्थित The Presidency International School के खिलाफ मिलीं, जहाँ 100 से ज्यादा पेरेंट्स ने मनमाने ढंग से फीस बढ़ाने की शिकायत की थी। जांच में चौंकाने वाली बात सामने आई — स्कूल की मान्यता कक्षा 8 तक मार्च में समाप्त हो चुकी थी, लेकिन बिना रिन्यूअल के स्कूल धड़ल्ले से चल रहा था।

जिला प्रशासन ने लगाया ₹5.2 लाख का जुर्माना

DM Savin Bansal के निर्देश पर CDO ने जांच शुरू की और स्कूल प्रबंधन से पिछले 5 वर्षों की फीस वृद्धि का रिकॉर्ड मांगा। लेकिन कई नोटिस के बावजूद प्रबंधन पेश नहीं हुआ। बाद में दस्तावेजों की जांच में सामने आया कि स्कूल की मान्यता Right to Education Act, 2009 के तहत समाप्त हो चुकी है और रिन्यू नहीं कराई गई।

इस पर प्रशासन ने Section 18(5) of RTE Act के तहत 1 अप्रैल से 22 मई तक कुल 52 दिनों के लिए ₹10,000 प्रतिदिन के हिसाब से ₹5,20,000 का जुर्माना ठोका।

 तीन दिन में जमा करें जुर्माना, वरना होगी सख्त वसूली

डीएम कार्यालय ने निर्देश दिया है कि तीन दिनों के भीतर जुर्माना राशि जमा की जाए, अन्यथा इसे भू-राजस्व की तरह वसूला जाएगा। साथ ही यह चेतावनी अन्य स्कूलों के लिए भी साफ संकेत है कि अगर बिना मान्यता या RTE कानून की अवहेलना की गई, तो सख्त कार्रवाई तय है।

 सीएम धामी की चेतावनी: मनमानी फीस पर अब नहीं चलेगा समझौता

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने स्पष्ट किया है कि राज्य में निजी स्कूलों की मनमानी पर रोक लगाने के लिए सरकार प्रतिबद्ध है। लगातार बढ़ती शिकायतों के मद्देनज़र स्कूलों की ऑडिट और जांच की प्रक्रिया तेज कर दी गई है।