तीन महीने बाद भी खाली हाथ पुलिस, Angel Chakma case में अब CBI ने मांगे जवाब

Angel Chakma Murder Case में एक बार फिर नया मोड़ आ गया है। मुख्य आरोपी Yagya Raj Awasthi की नेपाल में तलाश के लिए शुरू की गई Blue Corner Notice प्रक्रिया पर CBI ने आपत्ति दर्ज की है। केंद्रीय एजेंसी की ओर से इस मामले में तीन महत्वपूर्ण बिंदुओं पर जवाब मांगा गया है, जिसके बाद अब पुलिस को विस्तृत जानकारी दोबारा तैयार करनी पड़ रही है। इससे साफ है कि फरार आरोपी तक पहुंचने की प्रक्रिया अभी और लंबी हो सकती है।

यह मामला 9 December 2025 का है, जब सेलाकुई क्षेत्र में दो पक्षों के बीच विवाद के दौरान Angel Chakma और उनके भाई Michael Chakma पर हमला हुआ था। आरोप है कि दूसरे पक्ष के छह लोगों ने उन पर हमला किया, जिसमें एंजेल गंभीर रूप से घायल हो गई थीं। उन्हें इलाज के लिए एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां डॉक्टरों ने उनके गर्दन के पास गंभीर चोट की पुष्टि की थी।

घटना के बाद पुलिस ने शुरुआत में attempt to murder की धाराओं में मामला दर्ज किया था। लेकिन 26 December 2025 को इलाज के दौरान एंजेल की मौत हो गई, जिसके बाद केस को murder case में बदल दिया गया। जांच के दौरान पुलिस ने दो नाबालिग समेत पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया और उनके खिलाफ chargesheet भी दाखिल कर दी। हालांकि, मामले का मुख्य आरोपी Yagya Raj Awasthi पुलिस को चकमा देकर नेपाल भागने में सफल रहा।

फरार आरोपी की तलाश के लिए पुलिस ने Interpol process के तहत Blue Corner Notice जारी कराने की दिशा में कदम बढ़ाया था। लेकिन अब CBI, जो इस तरह की अंतरराष्ट्रीय पुलिस समन्वय प्रक्रिया में nodal agency की भूमिका निभाती है, ने भारतपोल पोर्टल के माध्यम से तीन आपत्तियां दर्ज की हैं। सूत्रों के अनुसार, एजेंसी ने आरोपी की individual criminal role को विस्तार से स्पष्ट करने को कहा है।

बताया जा रहा है that CBI ने करीब 1600 शब्दों में यह स्पष्ट करने को कहा है कि हत्याकांड में Yagya Raj Awasthi की व्यक्तिगत भूमिका क्या थी। चूंकि इस मामले में कुल छह लोगों को आरोपी बनाया गया है, इसलिए मुख्य आरोपी की specific involvement, उसकी criminal intent, और घटना के दौरान उसकी भूमिका को अलग से मजबूत तरीके से दर्ज करना जरूरी माना गया है। इसके अलावा, मामले के पंजीकरण और घटना के समय से जुड़े कुछ तथ्यों पर भी स्पष्टीकरण मांगा गया है।

इस procedural objection का सीधा असर जांच की गति पर पड़ सकता है। एंजेल चकमा की मौत के करीब तीन महीने बाद भी पुलिस मुख्य आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर सकी है। इससे investigation delay, cross-border escape, और international tracking process को लेकर सवाल उठ रहे हैं। फिलहाल पुलिस को पहले CBI द्वारा उठाए गए सवालों के जवाब देने होंगे, तभी मामला आगे Interpol channel के जरिए नेपाल तक प्रभावी रूप से बढ़ पाएगा।

पुलिस सूत्रों के मुताबिक, अब CBI की ओर से मांगी गई जानकारी को संकलित किया जा रहा है। इस बीच, फरार आरोपी के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए Red Corner Notice से जुड़ी कागजी प्रक्रिया पर भी काम किया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही भारतपोल पोर्टल पर जवाब अपलोड कर दिया जाएगा, ताकि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तलाश की प्रक्रिया आगे बढ़ सके।

इस पूरे घटनाक्रम ने यह सवाल भी खड़ा कर दिया है कि क्या संवेदनशील मामलों में documentation और procedural accuracy की कमी के कारण जांच प्रभावित होती है। एक ओर पांच आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल हो चुकी है, दूसरी ओर मुख्य आरोपी अब भी कानून की पकड़ से बाहर है। ऐसे में Angel Chakma murder investigation की रफ्तार और पुलिस की रणनीति दोनों पर नजर बनी हुई है।

फिलहाल, इस case में अगला महत्वपूर्ण कदम यही होगा कि पुलिस CBI की आपत्तियों का कितना जल्दी और कितनी मजबूती से जवाब देती है। जब तक यह प्रक्रिया पूरी नहीं होती, तब तक नेपाल भागे मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी का रास्ता पूरी तरह साफ नहीं माना जा सकता। यही कारण है कि Chakma murder case latest update, Blue Corner Notice process, और main accused absconding जैसे keywords इस मामले में search interest बढ़ा सकते हैं।