Punjab ED Raid: Ashok Mittal के घर छापा, क्यों भड़के CM Mann?

पंजाब में ED raid in Punjab को लेकर सियासत तेज हो गई है। प्रवर्तन निदेशालय (Enforcement Directorate) ने आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद Ashok Mittal से जुड़े ठिकानों पर छापेमारी की है। यह कार्रवाई सुबह करीब 9 बजे शुरू हुई और कई घंटों तक जारी रही।

 Multiple Locations पर ED Action

जानकारी के अनुसार, दिल्ली से आई ED टीमों ने:

मित्तल के आवास को घेरा
पुलिस बल की तैनाती की
अंदर दस्तावेजों और financial transactions की जांच शुरू की

इसके साथ ही Lovely Group institutions भी जांच के दायरे में आए हैं।

 LPU और Lovely Group के ठिकानों पर जांच

ED की कार्रवाई Lovely Professional University (LPU) समेत कई संस्थानों तक पहुंची:

Lovely Auto
Lovely Sweets
Lovely Distance Education Center
परिवार से जुड़े residential और commercial properties

अधिकारियों द्वारा financial records और funding details की गहन जांच की जा रही है।

 FEMA Case: Foreign Funding पर नजर

सूत्रों के मुताबिक, यह कार्रवाई FEMA (Foreign Exchange Management Act) के कथित उल्लंघन से जुड़े मामले में की जा रही है।

ED की टीम खासतौर पर

विदेशी फंडिंग (foreign funding)
अंतरराष्ट्रीय लेन-देन (cross-border transactions)
वित्तीय दस्तावेज

की जांच कर रही है।

 Political Angle: हालिया नियुक्ति के बाद कार्रवाई

यह छापेमारी ऐसे समय में हुई है जब आम आदमी पार्टी ने हाल ही में Raghav Chadha की जगह अशोक मित्तल को राज्यसभा में उपनेता (Deputy Leader in Rajya Sabha) बनाया था।

इस फैसले के कुछ ही दिनों बाद ED की कार्रवाई होने से political controversy और तेज हो गई है।

 CM Bhagwant Mann का हमला

पंजाब के मुख्यमंत्री Bhagwant Mann ने इस कार्रवाई पर प्रतिक्रिया देते हुए भाजपा पर निशाना साधा।

उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि:

भाजपा ने पंजाब चुनाव की तैयारी शुरू कर दी है
ED raid को “Typical Modi Style” बताया
कहा कि AAP दबाव में नहीं आएगी

Arvind Kejriwal का बयान

आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक Arvind Kejriwal ने भी इस कार्रवाई पर प्रतिक्रिया दी।

उन्होंने कहा:

यह राजनीतिक कार्रवाई (politically motivated action) है
पंजाब के लोग इसका जवाब देंगे

भाजपा को चुनाव में कड़ा मुकाबला मिलेगा

Punjab ED raid news ने एक बार फिर central agencies vs opposition politics की बहस को तेज कर दिया है। जहां ED इसे कानूनी कार्रवाई बता रही है, वहीं विपक्ष इसे political pressure tactics के रूप में देख रहा है। आने वाले समय में यह मामला पंजाब की राजनीति में बड़ा मुद्दा बन सकता है।