राष्ट्रीय खेलों में उत्तराखंड का ऐतिहासिक प्रदर्शन – 103 पदकों के साथ नया कीर्तिमान!
उत्तराखंड ने 38वें राष्ट्रीय खेलों में ऐतिहासिक प्रदर्शन करते हुए नया कीर्तिमान स्थापित किया है। पहली बार 100 से अधिक पदक जीतने वाले राज्य ने कुल 103 पदक अर्जित किए, जिसमें 24 स्वर्ण, 35 रजत और 44 कांस्य पदक शामिल हैं। इस उपलब्धि के साथ उत्तराखंड ने पदक तालिका में सातवें स्थान पर छलांग लगाई, जबकि कुल पदकों की संख्या के आधार पर यह तीसरे स्थान पर रहा।
मुख्य उपलब्धियां
मॉडर्न पेंटाथलॉन में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन
उत्तराखंड ने मॉडर्न पेंटाथलॉन में शानदार प्रदर्शन किया, जिसमें 6 स्वर्ण सहित कुल 14 पदक हासिल किए। ममता खत्री, मोनिका, मंजू गोस्वामी, सक्षम सिंह, नीरज नेगी और लाल सिंह ने स्वर्ण पदक जीतकर राज्य का गौरव बढ़ाया।
अन्य खेलों में प्रभावी प्रदर्शन
- कैनोइंग और कयाकिंग में 5 स्वर्ण पदक
- बॉक्सिंग में 3 स्वर्ण पदक (कपिल पोखरिया, निवेदिता कार्की, नरेंद्र सिंह)
- एथलेटिक्स में 2 स्वर्ण पदक (अंकिता ध्यानी – 3000 मीटर और 5000 मीटर दौड़)
- ताइक्वांडो और जूडो में 2-2 स्वर्ण पदक
पदकवीर खिलाड़ी
- सक्षम सिंह और ममता खत्री – मॉडर्न पेंटाथलॉन में एक ही दिन में 3-3 स्वर्ण पदक जीतकर शानदार प्रदर्शन किया।
- अंकिता ध्यानी – 3000 मीटर और 5000 मीटर दौड़ में स्वर्ण जीतकर एथलेटिक्स में बेहतरीन प्रदर्शन किया।
- पी. सोनिया – कैनोइंग और कयाकिंग में 2 स्वर्ण पदक अर्जित किए।
खिलाड़ियों के लिए बड़ा पुरस्कार
उत्तराखंड सरकार ने पदक विजेताओं के लिए नकद पुरस्कार और सरकारी नौकरी की घोषणा की है:
- स्वर्ण पदक विजेता को प्रति पदक 12 लाख रुपये
- रजत पदक विजेता को प्रति पदक 8 लाख रुपये
- कांस्य पदक विजेता को प्रति पदक 6 लाख रुपये
- अंकिता ध्यानी को 2 स्वर्ण और 1 रजत के लिए 32 लाख रुपये की धनराशि दी जाएगी।
उत्तराखंड की राष्ट्रीय खेल यात्रा
- 2015 (केरल) – 2 स्वर्ण, 5 रजत, 12 कांस्य (कुल 19 पदक, 23वां स्थान)
- 2022 (गुजरात) – 1 स्वर्ण, 8 रजत, 9 कांस्य (कुल 18 पदक, 26वां स्थान)
- 2023 (गोवा) – 3 स्वर्ण, 7 रजत, 14 कांस्य (कुल 24 पदक, 25वां स्थान)
- 2024 (उत्तराखंड – मेजबान राज्य) – 24 स्वर्ण, 35 रजत, 44 कांस्य (कुल 103 पदक, 7वां स्थान)
खेल मंत्री और मुख्यमंत्री की प्रतिक्रिया
उत्तराखंड की खेल मंत्री रेखा आर्य ने इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर प्रदेश के सभी खिलाड़ियों को बधाई देते हुए कहा कि खिलाड़ियों की मेहनत और समर्पण ने “संकल्प से शिखर तक” की थीम को साकार किया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए विभिन्न योजनाएं लागू कर रही है, जिससे उत्तराखंड को खेलों में नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया जाएगा।
मुख्यमंत्री उदीयमान खिलाड़ी उन्नयन योजना, पदक विजेताओं के लिए सरकारी नौकरी, खेल विश्वविद्यालय और महिला स्पोर्ट्स कॉलेज जैसी योजनाओं के तहत राज्य को खेलों की दिशा में अग्रणी बनाया जा रहा है। खेल मंत्री ने कहा कि अब खिलाड़ियों को एशियाड और ओलंपिक के लिए तैयार किया जाएगा।
राष्ट्रीय खेलों की पदक तालिका (शीर्ष टीमें)
- सर्विसेज – 68 स्वर्ण, 26 रजत, 27 कांस्य (कुल 121 पदक)
- महाराष्ट्र – 54 स्वर्ण, 71 रजत, 76 कांस्य (कुल 201 पदक)
- हरियाणा – 48 स्वर्ण, 47 रजत, 58 कांस्य (कुल 153 पदक)
- उत्तराखंड – 24 स्वर्ण, 35 रजत, 44 कांस्य (कुल 103 पदक, राज्यों में तीसरा स्थान)
उत्तराखंड का उज्ज्वल भविष्य
उत्तराखंड के इस ऐतिहासिक प्रदर्शन ने यह साबित कर दिया है कि राज्य के खिलाड़ी अब राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी पहचान बना चुके हैं। पहली बार राष्ट्रीय खेलों की मेजबानी करने वाले उत्तराखंड ने न केवल शानदार आयोजन किया बल्कि अपने खिलाड़ियों को भी उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए प्रेरित किया। आने वाले वर्षों में यह सफलता एशियाई और ओलंपिक खेलों में भी उत्तराखंड के खिलाड़ियों की भागीदारी और प्रदर्शन को और मजबूत करेगी।