Helicopter wreckage scattered across a mountain slope; people left shaken after seeing images of the Joshimath crash.
उत्तराखंड के चमोली जिले में जोशीमठ के पास शुक्रवार दोपहर हुए हेलीकॉप्टर हादसे ने हर किसी को झकझोर कर रख दिया। हाथी पर्वत क्षेत्र में दुर्घटनाग्रस्त हुए हेलीकॉप्टर में सवार पायलट समेत सभी छह लोगों की मौत हो गई। हादसे के बाद घटनास्थल से तस्वीरें और वीडियो सामने आए हैं, जिनमें हेलीकॉप्टर का मलबा पहाड़ी ढलान और झाड़ियों के बीच दूर-दूर तक बिखरा दिखाई दे रहा है।
पहाड़ी ढलान पर बिखरे मिले हेलीकॉप्टर के पुर्जे
हादसे के बाद सामने आई तस्वीरों में हेलीकॉप्टर बुरी तरह क्षतिग्रस्त नजर आ रहा है। उसके कई हिस्से अलग-अलग जगहों पर टूटकर बिखरे पड़े हैं। एक तस्वीर में हेलीकॉप्टर का हिस्सा जली हुई अवस्था में दिखाई दे रहा है। मलबे की स्थिति से दुर्घटना की गंभीरता का अंदाजा लगाया जा सकता है।
हेलीकॉप्टर के पुर्जे घटनास्थल के आसपास अलग-अलग दूरी पर मिले। हादसे के बाद राहत और बचाव दल ने मौके पर पहुंचकर तलाशी अभियान चलाया। इस दुर्घटना में किसी भी यात्री की जान नहीं बच सकी।
बदरीनाथ से देहरादून जा रहा था हेलीकॉप्टर
समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक, ट्रांस भारत एविएशन का सिविल हेलीकॉप्टर चमोली जिले के हाथी पर्वत क्षेत्र में दुर्घटनाग्रस्त हुआ। हेलीकॉप्टर बदरीनाथ धाम से देहरादून के सहस्रधारा हेलीपैड की ओर जा रहा था। उड़ान भरने के कुछ समय बाद ही यह हादसा हो गया।
बताया गया कि सेना के सिग्नल सेंटर की एक टीम ने हेलीकॉप्टर से धुआं निकलते देखा था। टीम ने उसे तेजी से नीचे की ओर आते हुए भी देखा। हालांकि, हादसे की सटीक वजह की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
पायलट समेत छह लोगों की गई जान
इस दुर्घटना में हेलीकॉप्टर के पायलट कैप्टन हिमांशु समेत पांच यात्रियों की मौत हुई। यात्रियों की पहचान प्रताप, अरुण, शंकर गौड़ा, सुधीर के और एचएस नटराजा के रूप में बताई गई है। सभी यात्री बेंगलुरु के रहने वाले थे। हादसे के बाद सभी छह लोगों के शव बरामद कर लिए गए।
एटीसी और रेडियो संपर्क टूटने के बाद शुरू हुआ रेस्क्यू अभियान
जानकारी के अनुसार, उड़ान के बाद हेलीकॉप्टर का एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) और रेडियो टेलीफोनी (RT) से संपर्क टूट गया था। इसके बाद हेलीकॉप्टर से दोबारा संपर्क स्थापित करने की कोशिश की गई। दुर्घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, एसडीआरएफ और सेना की संयुक्त टीमें घटनास्थल पर पहुंचीं और बचाव अभियान शुरू किया।
फिलहाल हादसे के कारणों को लेकर जांच का इंतजार है। हेलीकॉप्टर के दुर्घटनाग्रस्त होने की वजह तकनीकी खराबी, मौसम या किसी अन्य कारण से जुड़ी थी या नहीं, इसका पता जांच के बाद ही चल सकेगा।