Owaisi's appeal after joint military strike, India's responsibility in Middle East crisis
AIMIM President Asaduddin Owaisi ने Iran पर हुए US-Israel joint military strike की कड़ी निंदा करते हुए उम्मीद जताई है कि Narendra Modi और केंद्र सरकार Israel-Iran war को रोकने में अहम भूमिका निभाएंगे। उन्होंने Iran के Supreme Leader Ali Khamenei की हत्या को गैर-कानूनी और अमानवीय करार दिया। Owaisi ने कहा कि Khamenei शिया समुदाय के सम्मानित नेता थे और उन्हें निशाना बनाने के गंभीर geopolitical consequences हो सकते हैं।
Hyderabad से सांसद Owaisi ने चेतावनी दी कि अगर Middle East में conflict बढ़ता है तो भारी instability पैदा होगी, जिसका सीधा असर वहां काम कर रहे लगभग 10 million Indians पर पड़ेगा। उन्होंने कहा कि India Government को diplomatic intervention कर ceasefire और peace talks की दिशा में प्रयास करना चाहिए। Owaisi ने यह भी कहा कि Ramadan के पवित्र महीने में किया गया यह हमला निंदनीय है और इससे regional tension और बढ़ेगा।
Geneva में Iran-US talks का जिक्र करते हुए उन्होंने सवाल उठाया कि जब बातचीत में प्रगति हो रही थी तो फिर military action क्यों किया गया। उन्होंने इसे cowardly attack बताते हुए कहा कि इस संघर्ष में civilians और school children भी मारे गए हैं, जो humanitarian crisis को और गंभीर बनाता है।
Owaisi ने oil prices को लेकर भी चिंता जताई। उनका कहना है कि कच्चे तेल की कीमत में एक डॉलर की बढ़ोतरी भी Indian economy पर बड़ा प्रभाव डाल सकती है। इसके अलावा, flight cancellations के कारण सैकड़ों भारतीय, जिनमें Umrah करने गए लोग भी शामिल हैं, Mecca, Medina, Dubai और अन्य airports पर फंसे हुए हैं। उन्होंने केंद्र सरकार से stranded Indians की सुरक्षित वापसी और West Asia crisis को शांत कराने के लिए सक्रिय diplomatic role निभाने की अपील की।