Rising Bharat Summit में प्रधानमंत्री का बड़ा बयान, कांग्रेस पर साधा निशाना

Narendra Modi ने शुक्रवार को News18 Rising Bharat Summit में कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि देश के लिए गौरव का क्षण रहे AI Summit जैसे अंतरराष्ट्रीय आयोजन को भी कांग्रेस ने राजनीतिक रंग देने की कोशिश की।

प्रधानमंत्री ने कहा, “दुर्भाग्य से देश की सबसे पुरानी पार्टी ने देश के उत्सव को मैला करने का प्रयास किया। विदेशी अतिथियों के सामने कांग्रेस ने सिर्फ कपड़े नहीं उतारे बल्कि अपने वैचारिक दिवालियापन (ideological bankruptcy) को भी एक्सपोज कर दिया।”

उन्होंने आरोप लगाया कि निराशा और हताशा की राजनीति देश की छवि को नुकसान पहुंचाती है। उनके अनुसार, जब राजनीतिक अहंकार हावी होता है तो देश को बदनाम करने वाली सोच सामने आती है।

AI Summit और India’s Global Image

PM Modi ने कहा कि AI Summit जैसे Global Platform पर भारत की उपलब्धियों को सराहा गया। यह पूरे देश के लिए Pride Moment था। लेकिन विपक्ष ने इसे भी विवाद का विषय बनाने की कोशिश की।

प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि कांग्रेस अपने राजनीतिक पापों को सही ठहराने के लिए अक्सर Mahatma Gandhi का नाम आगे करती है, जो दुर्भाग्यपूर्ण है।

Trade Agreements और India’s Rising Confidence

प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में India’s Economic Growth, Global Trade Agreements और Viksit Bharat Vision पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि पिछले 12 वर्षों में भारत ने अपनी “inherent strength” को पहचाना है।

उनके मुताबिक, यदि भारत ने अपने Institutions को मजबूत नहीं किया होता, तो विकसित देश (Developed Nations) आज Trade Deals के लिए आगे नहीं आते। उन्होंने कहा कि आज Global Community भारत को एक Reliable Economic Partner के रूप में देख रही है।

2014 से पहले का दौर और Policy Paralysis

PM Modi ने 2014 से पहले के समय का जिक्र करते हुए कहा कि अगर देश उसी निराशा, Policy Paralysis और कमजोर अर्थव्यवस्था के दौर में फंसा रहता, तो कोई भी देश भारत के साथ Free Trade Agreement या Strategic Partnership की पहल नहीं करता।

उन्होंने कहा, “अगर देश 2014 से पहले की निराशा में डूबा रहता और Fragile Five में गिना जाता, तो हमारे साथ व्यापार समझौता कौन करता?”

Viksit Bharat और Future Vision

प्रधानमंत्री ने कहा कि किसी भी राष्ट्र की क्षमता अचानक नहीं बनती। यह Knowledge, Tradition, Hard Work और Generational Experience से विकसित होती है।

उन्होंने कहा कि सदियों की गुलामी ने भारत के आत्मविश्वास को कमजोर किया था और Imported Ideologies ने हीन भावना को बढ़ावा दिया। लेकिन अब भारत अपनी खोई हुई क्षमता को फिर से प्राप्त कर रहा है।

PM Modi के अनुसार, पिछले 11 वर्षों में देश की चेतना में नई ऊर्जा आई है और India is moving towards becoming a Developed Nation with renewed confidence.

यह भाषण न सिर्फ राजनीतिक संदेश था, बल्कि Global Trade, AI Leadership और Viksit Bharat के विजन को लेकर सरकार की रणनीति का संकेत भी देता है।