Dehradun News: ONGC Headquarters will remain here, Light Metro option under consideration
केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री Hardeep Singh Puri ने स्पष्ट किया है कि ONGC headquarters Dehradun से दिल्ली या किसी अन्य शहर में स्थानांतरित करने की कोई योजना नहीं है। उन्होंने कहा कि ओएनजीसी उत्तराखंड की अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण योगदान देता है और उसका मुख्यालय यहीं रहेगा।
मंत्री ने यह भी संकेत दिया कि भविष्य में Dehradun traffic congestion बढ़ने की स्थिति में Light Metro system जैसे urban transport solution पर विचार किया जा सकता है।
Uttarakhand Economy में ONGC का बड़ा योगदान
कुछ वर्षों से ONGC office shifting to Delhi को लेकर चर्चा होती रही है। वर्ष 2018 में कंपनी के Permanent Account Number (PAN) को दिल्ली स्थानांतरित करने का प्रयास भी हुआ था, लेकिन कर्मचारियों की यूनियन के विरोध के बाद यह प्रक्रिया रोक दी गई।
ONGC अपने कर्मचारियों के माध्यम से हर साल लगभग ₹8,500 करोड़ से अधिक income tax contribution करता है। उत्तराखंड में जमा होने वाले income tax revenue का बड़ा हिस्सा इसी कंपनी से आता है, जिससे राज्य की economy और revenue structure में इसकी अहम भूमिका मानी जाती है।
मंत्री पुरी ने इन चर्चाओं को खारिज करते हुए कहा कि ONGC relocation proposal जैसी कोई योजना सरकार के पास नहीं है।
Dehradun Metro Project पर क्या बोले मंत्री
देहरादून में प्रस्तावित Metro Rail Project और Neo Metro proposal के बारे में पूछे जाने पर मंत्री ने कहा कि शहर की आबादी और वाहनों की संख्या लगातार बढ़ रही है, जिससे urban mobility challenges सामने आ रहे हैं।
उन्होंने कहा कि metro rail projects बहुत महंगे होते हैं और देश के अधिकांश शहरों में ये financially loss-making projects साबित हुए हैं। ऐसे में भविष्य में शहर की जरूरत के अनुसार Light Metro या alternative public transport system पर विचार किया जा सकता है।
PNG और CNG को लेकर चुनौती
मंत्री ने यह भी कहा कि PNG (Piped Natural Gas) और CNG infrastructure को पहाड़ी और दुर्गम क्षेत्रों तक पहुंचाना भौगोलिक रूप से कठिन है। इसके साथ ही उन्होंने बताया कि भारत energy self-reliance की दिशा में तेजी से काम कर रहा है।
सरकार ने domestic oil exploration को बढ़ावा देने के लिए हर साल लगभग 150 oil wells drilling target तय किया है, जिससे देश की energy security मजबूत हो सके।